कला संस्कृति सम्मेलन

शिकागो धर्म सम्मेलन में 125 वर्ष पूर्व स्वामी विवेकानंद ने अपने सारगर्भित भाषण में ऐसा क्या कहा कि आज भी उनकी स्मृतियां ताजा हैं। उनके शब्द आज...

विश्व हिंदी सम्मेलन कितना कामयाब?

हिंद महासागर के खूबसूरत देश मॉरीशस की राजधानी पोर्ट लुइस में आयोजित विश्व हिंदी सम्मेलन हिंदी प्रेमियों के दिलों में कुछ उम्मीद और उत्साह भरते हुए गुजरा...

कवियों ने नीरज को दी काव्यांजलि

देश भर ने जिस तरह से कवि नीरज के प्रति अपनी भावपूर्ण श्रद्धा प्रकट की, उसने ही यह स्थापित किया कि वे इस सदी के महानतम कवि...

गम आज नगमा है…

हिंदी काव्य-परंपरा की लगभग हर विधा कविता, गीत, दोहे, मुक्तक, गजल आदि में बेशुमार रचनाएं लिखने वाले गोपालदास नीरज की गिनती सर्वाधिक लोकप्रिय कवियों में होती है।...

गांव में सजता रंगमंच

विश्वनाथ का गांव महलवारा दमोह से 40 किलोमीटर दूर है। मध्य प्रदेश ड्रामा स्कूल से पास होकर निकले विश्वनाथ ने दो-तीन साल पहले एक संस्था बनाकर यहां...

दूर से ही बुलाते मीनारों वाले कुएं

राजस्थान के के लोगों से सुना जाता है कि घी व्यर्थ में बह जाए तो कुछ नहीं लेकिन जल व्यर्थ में नहीं बहना चाहिए। ऐसे सूखे क्षेत्र...

11वीं सदी के मंदिरों के अस्तित्व पर खतरा

उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में बेतवा नदी किनारे ग्यारहवीं सदी का शिव मंदिर आज भी अपनी भव्यता और अलौकिक शक्ति के लिये पूरे क्षेत्र में विख्यात...

इस बार मॉरीशसमें होगा जुटान

विश्व हिन्दी सम्मेलन का मॉरीशस में यह तीसरा सम्मेलन होगा। इस का आयोजन स्वामी विवेकानंद अंतरराष्ट्रीय संस्थान में होगा। यूं तो 2015 में दसवें विश्व हिन्दी सम्मेलन, भोपाल...

घर ले जाएं इतिहास की प्रतिकृतियां

हर समाज की जिम्मेदारी होती है कि वह अपने पुरातात्विक चीजों को संग्रहित करके रखे। ऐसा तभी हो सकता है जब जनसाधारण में इस बात को लेकर...

कला की शाही अभिव्यक्ति

ऐतिहासिक इमारतें या किले अपने आप में कई कलाओं के केंद्र होते हैं। ऐसी जगहों पर मशहूर कलाकारों की कलाकृतियां प्रदर्शित की जाए, तो ऐसे में यह...

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