दूर से ही बुलाते मीनारों वाले कुएं

राजस्थान के के लोगों से सुना जाता है कि घी व्यर्थ में बह जाए तो कुछ नहीं लेकिन जल व्यर्थ में नहीं बहना चाहिए। ऐसे सूखे क्षेत्र...

11वीं सदी के मंदिरों के अस्तित्व पर खतरा

उत्तर प्रदेश के हमीरपुर जिले में बेतवा नदी किनारे ग्यारहवीं सदी का शिव मंदिर आज भी अपनी भव्यता और अलौकिक शक्ति के लिये पूरे क्षेत्र में विख्यात...

इस बार मॉरीशसमें होगा जुटान

विश्व हिन्दी सम्मेलन का मॉरीशस में यह तीसरा सम्मेलन होगा। इस का आयोजन स्वामी विवेकानंद अंतरराष्ट्रीय संस्थान में होगा। यूं तो 2015 में दसवें विश्व हिन्दी सम्मेलन, भोपाल...

घर ले जाएं इतिहास की प्रतिकृतियां

हर समाज की जिम्मेदारी होती है कि वह अपने पुरातात्विक चीजों को संग्रहित करके रखे। ऐसा तभी हो सकता है जब जनसाधारण में इस बात को लेकर...

कला की शाही अभिव्यक्ति

ऐतिहासिक इमारतें या किले अपने आप में कई कलाओं के केंद्र होते हैं। ऐसी जगहों पर मशहूर कलाकारों की कलाकृतियां प्रदर्शित की जाए, तो ऐसे में यह...

आस्था का संगम और मोक्ष की डुबकी

महान तीर्थ स्थलों में शुमार गंगासागर में समरसता का भाव और आस्था का मिलन अपने आप में अद्वित्तीय है। इसके चलते हर वर्ष माघ मास में लाखों...

गीता को जनमानस तक पहुंचाने की आवश्यकता

राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के सर संघचालक मोहन भागवत ने गीता के सिद्धांत को जनमानस तक पहुंचाने का आह्वान किया। युवा पीढ़ी को नवराष्ट्र के निर्माण में आ...

साहित्यधर्मिता कम, उत्सवधर्मिता ज्यादा

आवारा पूंजी के इस दौर में बाजार ने हर चीज को प्रभावित किया है। व्यक्तिगत, पारिवारिक, सांस्थानिक, सामाजिक, राजनीतिक और यहां तक आर्थिक स्तर पर भी बाजार...

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