
- लंबी कूद में शैलेश ने हमवतन महेंद्र गुर्जर को पछाड़ा, 1500 मीटर दौड़ में शरथ ने सत्र का किया सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन
आइची-नागोया, 21 अक्टूबर (हि.स.)। भारत के शैलेश कुमार और शरथ मकनहल्ली ने एशियाई पैरा खेल-2026 में पैरा एथलेटिक्स में कांस्य पदक जीतकर देश का मान बढ़ाया। शैलेश ने पुरुषों की लंबी कूद टी-42/टी-61/टी-63 स्पर्धा में, जबकि शरथ ने पुरुषों की 1500 मीटर टी-12 दौड़ में तीसरा स्थान हासिल किया।
शैलेश कुमार ने लंबी कूद में 5.57 मीटर की सर्वश्रेष्ठ छलांग लगाकर कांस्य पदक जीता। उन्होंने अपने हमवतन महेंद्र गुर्जर को महज एक सेंटीमीटर से पीछे छोड़ा। महेंद्र ने 5.56 मीटर की छलांग के साथ चौथा स्थान हासिल किया। शैलेश ने अपने पांचवें प्रयास में 5.57 मीटर की छलांग लगाई। इससे पहले उनका शुरुआती प्रयास 5.40 मीटर का रहा था और चौथे प्रयास में उन्होंने फाउल किया था।
जापान के हाजिमे कोंडो ने 6.51 मीटर की खेलों की रिकॉर्ड छलांग के साथ स्वर्ण पदक जीता, जबकि थाईलैंड के फलाथिप खाम्ता ने 6.41 मीटर के प्रदर्शन के साथ रजत पदक हासिल किया। इस संयुक्त स्पर्धा में निचले अंगों से संबंधित दिव्यांगता वाले खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं। इनमें कृत्रिम अंगों का इस्तेमाल करने वाले खिलाड़ी भी शामिल हैं।
शरथ ने 1500 मीटर में सत्र का सर्वश्रेष्ठ समय निकाला
भारत के शरथ मकनहल्ली ने पुरुषों की 1500 मीटर टी-12 स्पर्धा में चार मिनट 11.01 सेकंड का समय लेकर कांस्य पदक जीता। यह उनका सत्र का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा। शरथ ने हांगझोऊ-2023 एशियाई पैरा खेलों में इस स्पर्धा का रजत पदक जीता था।
उज्बेकिस्तान के फखरिद्दीन खम्राएव ने चार मिनट 7.48 सेकंड के खेलों के रिकॉर्ड समय के साथ स्वर्ण पदक जीता। जॉर्डन के नबील मकाबलेह ने चार मिनट 7.97 सेकंड का समय लेकर रजत पदक अपने नाम किया। उनका समय भी सत्र का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन रहा।
टी-12 वर्ग में सीमित दृष्टि वाले खिलाड़ी हिस्सा लेते हैं। प्रतियोगिता और खिलाड़ी की पसंद के अनुसार इस वर्ग के धावक मार्गदर्शक धावक के साथ या उसके बिना दौड़ सकते हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / सुनील दुबे