
नई दिल्ली, 22 अक्टूबर (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि भारत अब दुनिया का बैक ऑफिस नहीं, बल्कि ब्रेन ऑफिस बनकर उभर रहा है। देश के लिए गर्व की बात है कि दुनिया के आधे से ज्यादा ग्लोबल कैपेबिलिटी सेंटर्स अब भारत में हैं। कभी सपोर्ट सर्विस तक सीमित रहे ये सेंटर अब एआई, क्लाउड और प्रोडक्ट डेवलपमेंट जैसे हाई-वैल्यू काम कर रहे हैं।
प्रधानमंत्री आज एक टीवी चैनल के कार्यक्रम में शामिल हुए। इस दौरान अपने वक्तव्य में उन्होंने कहा कि तकनीक के क्षेत्र में आ रहे हैं बदलाव भारत को नहीं पहचान दे रहे हैं। यानी टैलेंट एट स्केल से थिंकिंग एट स्केल तक। पहले दुनिया भारत के मैनपावर पर भरोसा करती थी, आज माइंडपावर पर भी भरोसा करती है।
इसके साथी प्रधानमंत्री ने कांग्रेस नेता राहुल गांधी पर निशाना साधा। प्रधानमंत्री ने कहा कि जब दुनिया नई विश्व व्यवस्था की तलाश में है, तब कुछ लोग भारत में अव्यवस्था का सपना देख रहे हैं। आज दुनिया में अस्थिरता के बीच एक मजबूत भारत की तस्वीर जानी चाहिए, लेकिन कुछ लोग भारत की प्रतिष्ठा को मिट्टी में मिलाने पर तुले हैं।
उन्होंने कांग्रेस पर निशाना साधते हुए कहा कि कांग्रेस अपनी नाकामी छिपाने के लिए देश की प्रगति को कटघरे में खड़ा कर रही है। ये लोग विदेश में जाकर भारत को बदनाम करते हैं और दखल की अर्जी लगाते हैं। साल भर में श्रीहरिकोटा से उतनी लॉन्चिंग नहीं होती, जितनी बार कांग्रेस अपने नेता (राहुल गांधी) को लॉन्च करती है।
प्रधानमंत्री ने कहा कि भारत में कई ऐसी उपलब्धियां हुई हैं, जो पहली बार हुई हैं। पहली बार भारत के फास्ट ब्रीडर रिएक्टर ने क्रिटिकैलिटी हासिल की। पहली बार डीप टेक्नोलॉजी के साथ सेंसर्स को इंटीग्रेट किया गया। पहली बार हाइड्रोजन से चलने वाली ट्रेन चली, और पहली बार भारत की नॉन-फॉसिल बिजली क्षमता 300 गीगावाट के पार पहुंची।
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हिन्दुस्थान समाचार / अनूप शर्मा