हॉट मेटल, क्रूड स्टील और फिनिश्ड स्टील उत्पादन में सेल का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन

युगवार्ता    05-Oct-2026
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सेल  के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक डॉ. ए.के. पांडा


-सितंबर में 1.69 मिलियन टन विक्रेय इस्पात बिक्री का नया रिकॉर्ड

रायपुर, 05 अक्टूबर (हि.स.)। स्टील अथॉरिटी ऑफ इंडिया लिमिटेड (सेल) ने वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही (अप्रैल-सितंबर 2026) में उत्पादन, बिक्री, परिचालन दक्षता और वित्तीय अनुशासन के क्षेत्र में कई नए रिकॉर्ड कायम किए हैं। कंपनी ने सितंबर 2026 में भी अपनी मजबूत प्रदर्शन गति को जारी रखते हुए उत्पादन और बिक्री के कई मानकों पर अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया।

परिचालन उत्कृष्टता, उच्च मूल्यवर्धित इस्पात के उत्पादन और संसाधनों के बेहतर उपयोग पर निरंतर ध्यान देने से कंपनी की प्रतिस्पर्धात्मक क्षमता में सुधार हुआ है।

संस्था द्वारा आज दी गई अधिकृत जानकारी के अनुसार वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही में सेल ने हॉट मेटल, क्रूड स्टील और फिनिश्ड स्टील का अब तक का सर्वश्रेष्ठ उत्पादन क्रमशः 10.2 मिलियन टन, 9.6 मिलियन टन और 8.39 मिलियन टन दर्ज किया। पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में इनमें क्रमशः 2 प्रतिशत, 1 प्रतिशत और 1 प्रतिशत की वृद्धि हुई। कुल विक्रेय इस्पात उत्पादन में फिनिश्ड स्टील की हिस्सेदारी भी बढ़कर 89.2 प्रतिशत हो गई, जो अप्रैल-सितंबर 2025 में 86.8 प्रतिशत थी।

नेट सेल्स रियलाइजेशन बढ़ाने वाले उत्पादों पर विशेष जोर के परिणामस्वरूप सेल ने अप्रैल-सितंबर 2026 के दौरान लगभग 2 मिलियन टन हाई-एंड इस्पात का उत्पादन किया, जो पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 30 प्रतिशत अधिक और अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। कंपनी ने लौह अयस्क उत्पादन और बिक्री में भी अप्रैल-सितंबर अवधि के दौरान अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। लौह अयस्क उत्पादन में पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में 13 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि लौह अयस्क की बिक्री 190 प्रतिशत बढ़कर 2.671 मिलियन टन हो गई। इसी अवधि में भारतीय रेलवे को लॉन्ग रेल्स तथा व्हील्स एंड एक्सल्स की आपूर्ति में पिछले वर्ष की समान अवधि की तुलना में क्रमशः 7 प्रतिशत और 3 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई।

तकनीकी-आर्थिक प्रदर्शन के मोर्चे पर भी कंपनी ने उल्लेखनीय सुधार किया। विशिष्ट ऊर्जा खपत घटकर 6.17 गीगाकैलोरी प्रति टन क्रूड स्टील हो गई, जो 0.5 प्रतिशत सुधार के साथ अब तक का सर्वश्रेष्ठ छमाही प्रदर्शन है। पहली छमाही के दौरान कंपनी ने अपनी इन्वेंट्री में लगभग 0.145 मिलियन टन की कमी की तथा लगभग 1,080 करोड़ रुपये की उधारी कम की।

सितंबर 2026 में भी कंपनी का मजबूत प्रदर्शन जारी रहा। संगठित विपणन प्रयासों और परिचालन दक्षता में सुधार के चलते सेल ने 1.69 मिलियन टन की अब तक की सर्वश्रेष्ठ सितंबर विक्रेय इस्पात बिक्री दर्ज की, जो सितंबर 2025 की तुलना में 4 प्रतिशत अधिक है। कंपनी के प्रमुख रिटेल ब्रांड टीएमटी बार्स की बिक्री भी 1.5 लाख टन से अधिक रही, जो सितंबर महीने में अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। टियर-2 रिटेल बिक्री में भी साल-दर-साल 3 प्रतिशत की वृद्धि दर्ज की गई। स्ट्रक्चरल्स, प्लेट मिल प्लेट्स तथा जीपी शीट्स/कॉइल्स जैसे विशेष उत्पादों की बिक्री ने भी सितंबर में अब तक का सर्वश्रेष्ठ स्तर हासिल किया।

सितंबर 2026 में कंपनी के कुल विक्रेय इस्पात उत्पादन में फिनिश्ड स्टील की हिस्सेदारी बढ़कर 92 प्रतिशत हो गई, जबकि सितंबर 2025 में यह 89 प्रतिशत थी। फ्यूल रेट में भी सुधार दर्ज किया गया और यह 551 किलोग्राम प्रति टन हॉट मेटल रहा, जो 1 प्रतिशत सुधार के साथ सितंबर माह का अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। कंपनी ने सितंबर में लौह अयस्क उत्पादन और बिक्री दोनों में अब तक का सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन दर्ज किया। सितंबर 2025 की तुलना में लौह अयस्क उत्पादन में 8 प्रतिशत की वृद्धि हुई, जबकि बिक्री 134 प्रतिशत बढ़कर 0.492 मिलियन टन के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंच गई। इस महीने कंपनी ने अपनी इन्वेंट्री में लगभग 0.192 मिलियन टन की कमी की तथा उधारी में लगभग 208 करोड़ रुपये की कमी दर्ज की।

सेल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक डॉ. ए.के. पांडा ने कहा कि वित्त वर्ष 2026-27 की पहली छमाही और सितंबर में दर्ज रिकॉर्ड उपलब्धियां दक्षता, नवाचार और सतत विकास के प्रति कंपनी के कार्यबल की सामूहिक प्रतिबद्धता को दर्शाती हैं। उन्होंने कहा कि सेल की व्यापक उत्पादन क्षमता और उच्च-स्तरीय इस्पात पर बढ़ते फोकस के साथ कंपनी आने वाले महीनों में भारत की औद्योगिक प्रगति में और अधिक योगदान देने के लिए मजबूत स्थिति में है।

हिन्दुस्थान समाचार / केशव केदारनाथ शर्मा

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