सोनोवाल ने शिवालिक और नंदा देवी के नाविकों को बताया वैश्विक व्यापार के नायक

युगवार्ता    17-Mar-2026
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वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए एलपीजी कैरियर शिवालिक और नंदा देवी के नाविकों को संबोधित करते हुए बंदरगाह, पोत परिवहन एवं जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल


नई दिल्ली, 17 मार्च (हि.स.)। पश्चिम एशिया में तनावपूर्ण हालात के बीच भारत के दो एलपीजी कैरियर जहाज शिवालिक और नंदा देवी के सुरक्षित रूप से होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर भारत पहुंचने पर बंदरगाह, पोत परिवहन एवं जलमार्ग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए जहाजों पर मौजूद भारतीय नाविकों को संबोधित किया। सोनोवाल ने इस दौरान और नाविकों के साहस, समर्पण तथा पेशेवराना दक्षता की सराहना की।

सोनोवाल ने इन दोनों जहाजों के नाविकों को वर्चुअली संबोधित करते हुए कहा कि भारतीय नाविक वैश्विक व्यापार के नायक हैं, जो कठिन परिस्थितियों और लंबे समय तक परिवार से दूर रहने के बावजूद आवश्यक कार्गो की सुरक्षित आपूर्ति सुनिश्चित करते हैं। दोनों जहाजों ने उच्च जोखिम वाले समुद्री क्षेत्र में असाधारण धैर्य और संयम दिखाया और भारत की ऊर्जा सुरक्षा में महत्वपूर्ण योगदान दिया।

उन्होंने कहा कि यह संवाद केवल औपचारिक कार्यक्रम नहीं बल्कि राष्ट्र की ओर से नाविकों के प्रति आभार व्यक्त करने का अवसर है। समुद्र में कार्यरत नाविकों का काम केवल तकनीकी दक्षता ही नहीं बल्कि धैर्य, अनुशासन और साहस भी मांगता है।

सोनोवाल ने कहा कि दोनों जहाज लगभग दो सप्ताह तक उच्च जोखिम वाले क्षेत्र में प्रतीक्षा करने के बाद सुरक्षित रूप से भारत पहुंचे और आवश्यक एलपीजी कार्गो की आपूर्ति की। यह उपलब्धि भारतीय नाविकों की पेशेवराना क्षमता और दृढ़ता का उदाहरण है। उन्होंने कहा कि मोदी सरकार समुद्री क्षेत्र को मजबूत करने और भारतीय नाविकों की सुरक्षा, गरिमा और वैश्विक पहचान सुनिश्चित करने के लिए प्रतिबद्ध है।

उल्लेखनीय है कि पश्चिमी एशिया संघर्ष के बीच भारत के दो जहाज शिवालिक और नंदा देवी होर्मुज जलडमरूमध्य पार कर सुरक्षित रूप से भारत पहुंचे हैं। शिवालिक लगभग 16 मार्च को गुजरात के मुंद्रा बंदरगाह पहुंचा और करीब 45,000-46,000 मीट्रिक टन एलपीजी पहुंची। इसके बाद नंदा देवी 17 मार्च की सुबह गुजरात के कांडला बंदरगाह पहुंचा और लगभग 47,000-47,700 मीट्रिक टन एलपीजी उतारी।

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हिन्दुस्थान समाचार / प्रशांत शेखर

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