

- आरोपिताें ने दलालों के जरिए पहले बनवाए फर्जी दस्तावेज, फिर लांघी सीमा
- पश्चिम बंगाल से ट्रेन के जरिए पहुंचे आगरा फिर मीरजापुर में बनाया ठिकाना
मीरजापुर, 07 अप्रैल (हि.स.)। उत्तर प्रदेश के मीरजापुर जिले में फर्जी दस्तावेजों के सहारे अवैध रूप से रह रहे चार बांग्लादेशी नागरिकों को पुलिस ने गिरफ्तार किया है। उनके कब्जे से चार मोबाइल फोन के साथ आधार कार्ड, पैन कार्ड, बांग्लादेशी वोटर आईडी और पासपोर्ट समेत अन्य दस्तावेज बरामद हुए हैं। घुसपैठियों की गिरफ्तारी देश की आंतरिक सुरक्षा, पहचान प्रणाली और सीमा प्रबंधन पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।
दरअसल, पुलिस अधीक्षक अपर्णा रजत कौशिक के निर्देश पर चलाए जा रहे सघन चेकिंग अभियान के दौरान 6 अप्रैल की रात यह कार्रवाई की गई। पुलिस अधीक्षक ने मंगलवार को मीडिया से बताया कि रेलवे स्टेशन के पास पकड़े गए एक संदिग्ध युवक से पूछताछ में पूरे गिरोह का खुलासा हुआ। उसकी निशानदेही पर डगमगपुर क्षेत्र स्थित एक क्रेशर प्लांट से उसके तीन अन्य साथियों को गिरफ्तार किया गया। उन्हाेंने बताया कि गिरफ्तार किए गए घुसपैठियों में सब्बीर हुसैन (26) पुत्र मो. समसुलहक व मो. सबूज हुसैन (24) पुत्र मो. समसुलहक निवासी दनाजपुर थाना पीरगंज जिला ठाकुरगंज प्रदेश विभाग रंगपुर बांग्लादेश, नरेश दास (28) पुत्र सुनील दास निवासी ग्राम बाराबंदर योगेंद्र बाबू मठ थाना कोतवाली दनाजपुर विभाग रंगपुर बांग्लादेश, जय दास (28) पुत्र नमोचंद्र दास ग्राम नरेशदादा का गांव बांग्लादेश शामिल हैं।
-सीमा पार से लेकर यूपी तक नेटवर्क
उन्हाेंने बताया कि पूछताछ में सामने आया कि सभी आरोपी दलालों के जरिए बांग्लादेश से अवैध रूप से भारत में घुसे। पहले पश्चिम बंगाल के रास्ते देश में प्रवेश किया, फिर ट्रेन के जरिए आगरा और वहां से मीरजापुर पहुंचे। उन्हाेंने बताया कि सबसे चौंकाने वाला खुलासा यह है कि आरोपितों ने बिहार के पते पर फर्जी आधार कार्ड और पैन कार्ड बनवा लिए थे। यानी देश की पहचान प्रणाली में सेंध लगाकर वे न सिर्फ रह रहे थे, बल्कि नौकरी भी कर रहे थे। बरामद मोबाइल फोन से कई डिजिटल दस्तावेज भी मिले हैं, जिनकी जांच जारी है।
-पहचान छिपाकर क्रेशर प्लांट पर करते थे मजदूरी
चारों आरोपित डगमगपुर क्षेत्र में एक क्रेशर प्लांट पर मजदूरी कर रहे थे और अपनी असली पहचान छिपाकर सामान्य जीवन जी रहे थे। यह पहलू स्थानीय स्तर पर सत्यापन प्रणाली और श्रमिक निगरानी की कमजोरी को उजागर करता है। पुलिस अधीक्षक ने बताया कि आरोपितों के पास से चार मोबाइल फोन, आधार कार्ड, पैन कार्ड, बांग्लादेश का वोटर आईडी और पासपोर्ट बरामद किए हैं। सभी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर किया गया है।
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हिन्दुस्थान समाचार / गिरजा शंकर मिश्रा