
कोलकाता, 2 मई (हि.स.)। पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव की मतगणना से पहले निर्वाचन आयोग ने व्यवस्था को और सख्त करते हुए अतिरिक्त पर्यवेक्षकों की नियुक्ति की है। आयोग ने कुल 242 पर्यवेक्षकों को तैनात किया है, जिनमें 165 अतिरिक्त काउंटिंग ऑब्जर्वर और 77 पुलिस पर्यवेक्षक शामिल हैं। दाे चरणाें में संपन्न हुए विधानसभा चुनाव के नतीजे 4 मई को घोषित किए जाएंगे।
निर्वाचन आयोग के सूत्रों के अनुसार, अतिरिक्त काउंटिंग ऑब्जर्वरों को उन विधानसभा क्षेत्रों में तैनात किया जाएगा जहां एक से अधिक मतगणना कक्ष बनाए गए हैं। इनका काम पहले से नियुक्त पर्यवेक्षकों की सहायता करना और मतगणना प्रक्रिया को सुचारु रूप से संचालित कराना होगा।
इसके अलावा प्रत्येक मतगणना केंद्र के लिए एक-एक पुलिस पर्यवेक्षक भी नियुक्त किया गया है। इनका दायित्व मतगणना केंद्रों के आसपास सुरक्षा और कानून-व्यवस्था की निगरानी करना होगा। हालांकि, आयोग ने स्पष्ट निर्देश दिया है कि पुलिस पर्यवेक्षक किसी भी परिस्थिति में मतगणना कक्ष के अंदर प्रवेश नहीं कर सकेंगे। उन्हें अन्य चुनाव अधिकारियों के साथ समन्वय बनाकर काम करना होगा।
आयोग ने यह भी याद दिलाया है कि काउंटिंग ऑब्जर्वर और रिटर्निंग ऑफिसर को छोड़कर किसी अन्य व्यक्ति को मोबाइल फोन के साथ मतगणना केंद्र में प्रवेश की अनुमति नहीं होगी। मतगणना के दौरान परिणाम फॉर्म-17सी-दो में दर्ज किए जाएंगे, जिसे काउंटिंग सुपरवाइजर तैयार करेंगे। काउंटिंग एजेंट वहां मौजूद रहेंगे और उस पर हस्ताक्षर करेंगे।
उल्लेखनीय है कि, मतगणना को लेकर आयोग की सक्रियता पहले से ही चर्चा में है। हाल के दिनों में आयोग ने राज्य के कई प्रशासनिक और पुलिस अधिकारियों को उनके पदों से हटाकर नए अधिकारियों की नियुक्ति भी की है। इस मुद्दे पर राज्य की सत्तारूढ़ पार्टी तृणमूल कांग्रेस ने सवाल उठाए हैं और मुख्यमंत्री ममता बनर्जी ने मुख्य चुनाव आयुक्त को पत्र लिखकर असंतोष भी जताया है।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / अभिमन्यु गुप्ता