
विशाखापत्तनम, 19 अगस्त (हि.स.)। राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ की अखिल भारतीय समन्वय बैठक आंध्र प्रदेश के विशाखापत्तनम जिले के गुडीलोवा स्थित विज्ञान विहार विद्यालय में बुधवार सुबह प्रारंभ हुई। तीन दिवसीय इस बैठक का उद्घाटन सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत और सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले ने भारत माता के चित्र पर पुष्पार्चन करके किया।
संघ के प्रचार विभाग के मुताबिक प्रतिवर्ष होने वाली अखिल भारतीय समन्वय बैठक में सरसंघचालक डॉ. मोहन भागवत, सरकार्यवाह दत्तात्रेय होसबाले, सभी सह सरकार्यवाह और अन्य केंद्रीय पदाधिकारी उपस्थित हैं। यह बैठक 21 अगस्त की शाम तक चलेगी। बैठक में संघ प्रेरित 32 विविध संगठनों जैसे भारतीय मजदूर संघ, विश्व हिन्दू परिषद, भारतीय जनता पार्टी, अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद, भारतीय किसान संघ, राष्ट्र सेविका समिति सहित अन्य के राष्ट्रीय अध्यक्ष, महामंत्री, अखिल भारतीय संगठन मंत्री और कुछ चयनित कार्यकर्ता उपस्थित हैं।
बैठक में विविध संगठनों से 49 महिलाओं सहित कुल 253 प्रमुख कार्यकर्ता और संघ के पदाधिकारियों को मिलाकर 327 प्रतिनिधि अपेक्षित हैं।
संघ के अखिल भारतीय प्रचार प्रमुख सुनील आंबेकर के मुताबिक यह कोई कार्यकारी या निर्णय लेने वाली बैठक नहीं है, बल्कि इसका उद्देश्य विभिन्न संगठनों के बीच अनुभव साझा करना और आपसी समन्वय को बेहतर बनाना है। बैठक में देश की वर्तमान स्थिति, सामाजिक परिवर्तन और विभिन्न सामाजिक समस्याओं पर विचार-विमर्श होगा। जनसंख्या असंतुलन और जनसांख्यिकीय बदलाव से उत्पन्न चिंताओं तथा उनके समाधान के उपायों पर भी चर्चा की जाएगी। युवाओं को नशे से दूर रखने के उपायों और नशामुक्ति के लिए विभिन्न संगठनों की भावी भूमिका पर भी विचार किया जाएगा। इसके साथ ही युवाओं में जागरूकता बढ़ाने से जुड़े अन्य विषयों पर भी चर्चा होगी।
संघ के शताब्दी वर्ष के अवसर पर निर्धारित पंच परिवर्तन के विषयों पर भी बैठक में चर्चा होगी। इनमें सामाजिक समरसता, पर्यावरण अनुकूल जीवनशैली, कुटुंब प्रबोधन, ‘स्व’ का भाव तथा नागरिक कर्तव्यों का पालन शामिल हैं। इन विषयों पर स्वयंसेवकों और विभिन्न संगठनों के कार्यकर्ताओं द्वारा किए जा रहे प्रयासों की समीक्षा के साथ शताब्दी वर्ष के बाद इन्हें आगे बढ़ाने की रणनीति और विभिन्न संगठनों की भूमिका पर भी विचार होगा।
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हिन्दुस्थान समाचार / पवन कुमार