
नई दिल्ली, 28 अगस्त (हि.स.)। इंटरटेनमेंट और एम्यूजमेंट इंफ्रास्ट्रक्चर सेक्टर की कंपनी कंप्लीट स्पोर्ट्स एंड मैनेजमेंट इंडिया लिमिटेड (सीएसएमएल) का 74.93 करोड़ रुपये का आईपीओ आज सब्सक्रिप्शन के लिए लॉन्च कर दिया गया। इस आईपीओ में एक सितंबर तक बोली लगाई जा सकती है। इश्यू की क्लोजिंग के बाद दो सितंबर को शेयरों का अलॉटमेंट किया जाएगा, जबकि तीन सितंबर को अलॉटेड शेयर डीमैट अकाउंट में क्रेडिट कर दिए जाएंगे। कंपनी के शेयर चार सितंबर को बीएसई के एसएमई प्लेटफॉर्म पर लिस्ट हो सकते हैं। लॉन्चिंग के बाद पहले दिन के अंत तक यह आईपीओ 13 प्रतिशत सब्सक्राइब हुआ था।
इस आईपीओ में बोली लगाने के लिए 128 रुपये से लेकर 135 रुपये प्रति शेयर का प्राइस बैंड तय किया गया है, जबकि लॉट साइज 1,000 शेयर का है। इस आईपीओ में रिटेल इनवेस्टर्स को दो लॉट यानी 2,000 शेयरों के लिए बोली लगाना होगा, जिसके लिए उन्हें 2,70,000 रुपये का निवेश करना होगा। इस आईपीओ के तहत 10 रुपये फेस वैल्यू वाले कुल 55.50 लाख नए शेयर जारी हो रहे हैं।
इस आईपीओ में क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (क्यूआईबी) के लिए 47.42 प्रतिशत हिस्सा रिजर्व किया गया है। इसके अलावा रिटेल इनवेस्टर्स के लिए 33.26 प्रतिशत हिस्सा और नॉन इंस्टीट्यूशनल इनवेस्टर्स (एनआईआई) के लिए 14.27 प्रतिशत हिस्सा रिजर्व है। इसके अलावा मार्केट मेकर के लिए 5.05 प्रतिशत हिस्सा रिजर्व किया गया है। इस इश्यू के लिए स्मार्ट हॉरिजॉन कैपिटल एडवाइजर्स प्राइवेट लिमिटेड को बुक रनिंग लीड मैनेजर बनाया गया है, जबकि बिगशेयर सर्विसेज प्राइवेट लिमिटेड को रजिस्ट्रार बनाया गया है। वहीं श्रेणी शेयर्स लिमिटेड कंपनी का मार्केट मेकर है।
सीएसएमएल की वित्तीय स्थिति की बात करें तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (डीआरएचपी) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत लगातार मजबूत हुई है। वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी को 11.41 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2025-26 में बढ़ कर 18.18 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में भी बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2024-25 में इसे 111.42 करोड़ रुपये का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2025-26 में बढ़ कर 118.76 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
इस अवधि में कंपनी पर लदे कर्ज के बोझ में भी बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2024-25 के अंत में कंपनी पर 2.19 करोड़ रुपये के कर्ज का बोझ था, जो अगले वित्त वर्ष 2025-26 में बढ़ कर 8.99 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। कंपनी के रिजर्व और सरप्लस की बात करें तो इस अवधि में कंपनी इस मोर्चे पर भी बढ़त हासिल करने में सफल रही है। वित्त वर्ष 2024-25 में ये 24.57 करोड़ रुपये के स्तर पर था। इसी तरह 2025-26 में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस उछल कर 27.71 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया।
---------------
हिन्दुस्थान समाचार / योगिता पाठक