बारुईपुर 'एनकाउंटर' पर बोलीं एनसीडब्ल्यू अध्यक्ष विजया रहाटकर, कहा- न्याय हमेशा कानूनी प्रक्रिया से होना चाहिए

युगवार्ता    07-Aug-2026
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विजया रहाटकर


कोलकाता, 07 अगस्त (हि.स.)। राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू) की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने बारुईपुर में दुष्कर्म और हत्या के आरोपित की पुलिस मुठभेड़ में मौत पर प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि न्याय हमेशा कानून के दायरे में रहकर ही होना चाहिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि वह एनकाउंटर के पक्ष में नहीं हैं और हर मामले में विधिक प्रक्रिया का पालन किया जाना चाहिए।

शुक्रवार को हावड़ा जिला मजिस्ट्रेट कार्यालय में आयोजित जनसुनवाई कार्यक्रम के बाद पत्रकारों से बातचीत में रहाटकर ने कहा कि बारुईपुर की घटना बेहद दर्दनाक और दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने कहा कि किसी भी लड़की के साथ ऐसी घटना नहीं होनी चाहिए। हालांकि, इस मामले में वास्तव में क्या हुआ, इसकी पूरी जानकारी उन्हें नहीं है, लेकिन उनका विश्वास है कि पुलिस अपनी जिम्मेदारी का निर्वहन कर रही है।

गौरतलब है कि पिछले महीने बारुईपुर में एक नाबालिग से कथित दुष्कर्म और हत्या के मामले में गिरफ्तार आरोपित प्रभात मंडल की अपराध स्थल के पुनर्निर्माण के दौरान पुलिस मुठभेड़ में मौत हो गई थी। पुलिस का दावा है कि आरोपित ने एक पुलिसकर्मी की सर्विस पिस्टल छीनकर फायरिंग की थी, जिसके जवाब में आत्मरक्षा में पुलिस ने गोली चलाई। इस घटना को लेकर राज्य में राजनीतिक विवाद भी खड़ा हो गया था।

हावड़ा में आयोजित जनसुनवाई में कुल 24 महिलाओं ने राष्ट्रीय महिला आयोग के समक्ष अपनी शिकायतें रखीं। कार्यक्रम के बाद रहाटकर ने आरजी कर मेडिकल कॉलेज एवं अस्पताल की प्रशिक्षु डॉक्टर से दुष्कर्म और हत्या के मामले का भी उल्लेख किया।

उन्होंने कहा कि आरजी कर की घटना ने पूरे देश को झकझोर दिया था। पीड़िता के माता-पिता की पीड़ा को हर कोई महसूस कर सकता है। उन्होंने बताया कि घटना के बाद आयोग ने सबसे पहले पुलिस अधिकारियों के साथ बैठक की और बाद में पीड़िता के परिजनों की बात केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) तक पहुंचाई। आयोग इस मामले को लेकर लगातार गंभीर और चिंतित है।

हिन्दुस्थान समाचार / ओम पराशर

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