ब्रिक्स से दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति का आह्वान - एआई की निगरानी के लिए बने अंतरराष्ट्रीय तंत्र

युगवार्ता    14-Sep-2026
Total Views |
ब्रिक्स शिखर सम्मेलन में प्रधानमंत्री माेदी के साथ दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा  (फाइल फाेटाे)


नई दिल्ली/अंकारा, 14 सितंबर (हि.स.)। दक्षिण अफ्रीका के राष्ट्रपति सिरिल रामफोसा ने ब्रिक्स देशों से आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (एआई) के स्वतंत्र वैज्ञानिक मूल्यांकन और निगरानी के लिए एक अंतरराष्ट्रीय तंत्र स्थापित करने का आह्वान किया है। उन्होंने चेतावनी दी कि एआई की तकनीकी क्षमता इंसानों की उसे समझने, निगरानी करने और नियंत्रित करने की क्षमता से आगे नहीं बढ़नी चाहिए।

तुर्किए की सरकारी समाचार एजेंसी अनाडोलू

व स्थानीय मीडिया के अनुसार, नई दिल्ली में ब्रिक्स शिखर सम्मेलन को संबोधित करते हुए रामफोसा ने कहा कि एआई उत्पादकता और मानव प्रगति के नए दौर की शुरुआत कर सकता है। हालांकि, उन्होंने तेजी से शक्तिशाली होते एआई सिस्टम से जुड़े संभावित जोखिमों पर भी चिंता जताई।

रामफोसा ने कहा कि जिम्मेदारी और प्रभावी तरीके से इस्तेमाल किए जाने पर एआई असमानता, गरीबी और अविकास को कम करने में मदद कर सकता है। इसके अलावा, यह चिकित्सा, शिक्षा, वैज्ञानिक अनुसंधान और कृषि उत्पादकता के क्षेत्र में बड़ा बदलाव ला सकता है।

लेकिन उन्होंने उन्नत एआई सिस्टम से जुड़े कई संभावित खतरों का भी जिक्र किया। इनमें उन्नत साइबर ऑपरेशन, जैविक हथियारों के विकास में सहायता, स्वायत्त कार्रवाई, हेरफेर, बड़े पैमाने पर निगरानी और रोजगार पर असर शामिल हैं। कहा कि हमें न तो एआई से डरना चाहिए और न ही इसे लापरवाही से अपनाना चाहिए। हमारी जिम्मेदारी यह सुनिश्चित करना है कि मानव शासन एआई जितनी तेजी से आगे बढ़े।

दक्षिण अफ्रीकी राष्ट्रपति ने एआई कंपनियों की स्वतंत्र बाहरी निगरानी की जरूरत पर जोर देते हुए एंथ्रोपिक के सीईओ डारियो अमोदेई के विचारों का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि एआई कंपनियों को औपचारिक बाहरी जांच, स्वतंत्र ऑडिट और सरकारी निगरानी के दायरे में होना चाहिए।

रामफोसा ने विमानन, फार्मास्यूटिकल्स, परमाणु ऊर्जा और वित्तीय क्षेत्र का उदाहरण देते हुए कहा कि जिन उद्योगों का मानव सुरक्षा और कल्याण पर बड़ा प्रभाव पड़ता है, वहां नियामकीय निगरानी पहले से ही सामान्य व्यवस्था का हिस्सा है। उन्हाेंने प्रस्ताव दिया कि ब्रिक्स देशों को एआई के स्वतंत्र वैज्ञानिक मूल्यांकन के लिए एक अंतरराष्ट्रीय तंत्र बनाना चाहिए। उनके मुताबिक, इस व्यवस्था में मानव नियंत्रण के स्पष्ट सिद्धांत और गंभीर एआई घटनाओं की अनिवार्य रिपोर्टिंग शामिल होनी चाहिए।

उन्होंने विकासशील देशों में संप्रभु एआई क्षमताओं को मजबूत करने के लिए निवेश बढ़ाने और एआई की क्षमता बढ़ने के साथ सुरक्षा उपायों को भी मजबूत करने की जरूरत बताई।

रामफोसा ने ब्रिक्स के लिए एआई इकोसिस्टम स्थापित करने के चीनी राष्ट्रपति शी जिनपिंग के प्रस्ताव का भी स्वागत किया और कहा कि दक्षिण अफ्रीका इस पहल का समर्थन करता है।

----------------

हिन्दुस्थान समाचार / अमरेश द्विवेदी

Tags