एफिल टॉवर महिला कर्मचारियों से जुड़े विवाद को विदेश मंत्रालय ने संबंधित पक्षों का मसला बताया

युगवार्ता    08-Sep-2026
Total Views |
पांच सितंबर के कार्यक्रम के दौरान एफिल टावर


नई दिल्ली, 08 सितंबर (हि.स.)। विदेश मंत्रालय ने पेरिस स्थित एफिल टावर में भारतीय मूल के धार्मिक संगठन बीएपीएस के एक प्रतिनिधिमंडल की निजी यात्रा के दौरान महिला कर्मचारियों को कथित तौर पर कुछ क्षेत्रों से हटाए जाने या उनकी जगह पुरुष कर्मचारियों को तैनात किए जाने की खबरों पर कोई पक्ष नहीं रखा है। मंत्रालय का कहना है कि यह संबंधित पक्षों का मामला है।

विवाद 5 सितंबर को बीएपीएस प्रतिनिधिमंडल की एफिल टावर यात्रा से जुड़ा है। बीएपीएस ने पेरिस के निकट अपना पहला प्रमुख पारंपरिक हिंदू मंदिर बनाया है। रिपोर्टों के अनुसार, प्रतिनिधिमंडल में शामिल ब्रह्मचारी साधु महिलाओं के साथ संपर्क या बातचीत से बचने की धार्मिक प्रतिज्ञाओं का पालन करते हैं। इसी आधार पर एफिल टावर का संचालन करने वाली संस्था एसईटीई ने कथित तौर पर यात्रा के दौरान कुछ महिला कर्मचारियों की तैनाती को लेकर व्यवस्था की थी।

प्रवक्ता ने कहा, “हमें पेरिस क्षेत्र में बीएपीएस संस्था द्वारा एक मंदिर के उद्घाटन की जानकारी है। टावर से संबंधित विशेष मुद्दे के बारे में, यह पूरी तरह से संबंधित संस्थाओं के बीच का मामला है।”

मामला उस समय गंभीर हो गया जब 7 सितंबर को एफिल टावर के कर्मचारियों ने कथित लैंगिक आधार वाली व्यवस्था के विरोध में हड़ताल कर दी। इसके कारण एफिल टावर को अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा। एसईटीई ने बाद में इस व्यवस्था को अपनी गलती बताते हुए माफी मांगी। बीएपीएस ने भी घटना पर खेद जताते हुए माफी जारी की। फ्रांस में इस मामले की जांच जारी है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / अनूप शर्मा

Tags