ईरान में महंगाई के खिलाफ भड़की चिंगारी से अशांति, पवित्र शहर कोम में खामेनेई शासन के खिलाफ गूंजे नारे

02 Jan 2026 06:20:53
ईरान की राजधानी तेहरान समेत कई शहरों में प्रदर्शन हो रहे हैं। फोटो -इंटरनेट मीडिया


तेहरान (ईरान), 02 जनवरी (हि.स.)। ईरान में महंगाई और डॉलर के मुकाबले गिरती ईरानी मुद्रा रियाल की कीमत के खिलाफ शुरू प्रदर्शन देश के कई हिस्सों में फैल गया। विरोध प्रदर्शन के पांचवें दिन कोम में कम से कम तीन लोगों को गोली मारकर हत्या कर दी गई। राजधानी तेहरान के ग्रैंड बाजार से रविवार को भड़की चिंगारी की लपटों से देश जल उठा है। इससे पवित्र शहर कोम भी अछूता नहीं रहा। पांच दशक में पहली बार इस शहर में खामेनेई शासन के खिलाफ नारे गूंजने लगे हैं।

ईरान इंटरनेशनल की रिपोर्ट के अनुसार, आंदोलन के पांचवें दिन फूलदशहर, दारियुश अंसारी बख्तियारवंद, कुहदाश्त, अमीर-हेसाम खोदायरीफर्द, अजना, शायन असदुल्लाही में हुई झड़पों में कम से कम चार प्रदर्शनकारियों की मौत हो गई। ईरान के पवित्र शहर कोम में अशांति फैल गई है। कोम शिया मौलवियों और इस्लामिक गणराज्य का एक मुख्य गढ़ है। यहां भारी सुरक्षा के बावजूद बेखौफ प्रदर्शनकारियों ने अयातुल्ला अली खामेनेई शासन के खिलाफ नारेबाजी की। सुरक्षा कर्मचारियों की गोलीबारी में कम से कम तीन प्रदर्शनकारियों की मौत हो गई।

तेहरान, मशहद, इस्फ़हान, लोरेस्टान, खुज़ेस्तान और छोटे शहरों में रातभर प्रदर्शनकारी सड़कों पर नारेबाजी करते रहे। पिछले पांच दशक में यह पहली बार है कि लोगों ने खामेनेई शासन के खिलाफ बगावत शुरू कर दी है। मध्य ईरान के कज्विन और पवित्र शहर कोम में प्रदर्शनकारियों ने 'यह आखिरी लड़ाई है' जैसे नारे लगाए। उत्तरी ईरान में रातभर प्रदर्शनकारियों ने तानाशाह मुर्दाबाद के नारे लगाए।

फॉक्स न्यूज की रिपोर्ट के अनुसार, विपक्षी समूह नेशनल काउंसिल ऑफ रेजिस्टेंस ऑफ ईरान ने बताया कि गुरुवार सुबह तेहरान, मारवदश्त, केरमानशाह, डेल्फान और अराक समेत कई शहरों में सड़कों पर प्रदर्शनकारियों और सुरक्षाबलों के बीच झड़पें जारी रहीं। चहारमहल और बख्तियारी प्रांत के लोरदेगान में रात भर गोलीबारी हुई है। रिवोल्यूशनरी गार्ड्स से संबद्ध फार्स न्यूज एजेंसी के अनुसार, भीड़ ने सरकारी इमारतों पर पत्थर फेंके। प्रदर्शनकारियों ने गवर्नर ऑफिस, न्यायपालिका, शहीद फाउंडेशन, शुक्रवार की नमाज कॉम्प्लेक्स और कई बैंकों को निशाना बनाया। पुलिस ने भीड़ को तितर-बितर करने के लिए आंसू गैस का इस्तेमाल किया। इस दौरान कई इमारतों को नुकसान हुआ। झड़पों में दो लोग मारे गए।

कुर्द अधिकार समूह हेंगाओ ने बताया कि लोरदेगान में प्रदर्शनकारियों पर सुरक्षा बलों गोलीबारी की। कुहदाश्त में अधिकारियों ने कहा कि झड़पों में बासिज स्वयंसेवी अर्धसैनिक बल का एक सदस्य मारा गया और 13 अन्य घायल हो गए। अमेरिका स्थित मानवाधिकार समूह ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स न्यूज एजेंसी कहा कि तेहरान में विरोध प्रदर्शनों के दौरान हिरासत में ली गई छह महिलाओं को एविन जेल के महिला वार्ड में भेज दिया गया है।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / मुकुंद

Powered By Sangraha 9.0