इंडियन कोस्ट गार्ड ने ओडिशा के पारादीप तट पर नेशनल मैरीटाइम सर्च एंड रेस्क्यू एक्सरसाइज किया

08 Oct 2026 18:08:53
ओडिशा के पारादीप में एक्सरसाइज में हिस्सा लेते जहाज


- एक्सरसाइज के दौरान पैसेंजर एयरक्राफ्ट पारादीप पोर्ट के पास समुद्र में गिरा

नई दिल्ली, 08 अक्टूबर (हि.स.)। इंडियन कोस्ट गार्ड (आईसीजी) ने गुरुवार को नेशनल मैरीटाइम सर्च एंड रेस्क्यू बोर्ड के तहत ओडिशा के पारादीप में 12वीं नेशनल मैरीटाइम सर्च एंड रेस्क्यू एक्सरसाइज की। 'राहत एवं बचाव की तैयारी और समुद्री सुरक्षा को मजबूत करने के लिए टेक्नोलॉजी का इस्तेमाल' थीम के तहत इस एक्सरसाइज में मैरीटाइम और एयरोनॉटिकल एजेंसियों को समुद्र में बड़े पैमाने पर बचाव ऑपरेशन के लिए ऑपरेशनल तैयारी, इंटरऑपरेबिलिटी और कोऑर्डिनेटेड रिस्पॉन्स दिखाने के लिए एक साथ लाया गया।

इस एक्सरसाइज की समीक्षा आईसीजी के निदेशक जनरल परमेश शिवमणि ने की और इसमें कोस्ट गार्ड, नेवी, एयर फोर्स, शिपिंग कॉर्पोरेशन ऑफ इंडिया, डायरेक्टरेट जनरल ऑफ शिपिंग, फिशरीज, कस्टम्स, मरीन पुलिस, पारादीप पोर्ट अथॉरिटी और ओडिशा स्टेट एडमिनिस्ट्रेशन ने हिस्सा लिया। 30 देशों के 32 ऑब्जर्वर ने भी इस एक्सरसाइज में हिस्सा लिया, जो मैरीटाइम सर्च एंड रेस्क्यू में इंटरनेशनल कोऑपरेशन को मजबूत करने की दिशा में एक बड़ा कदम है। उनके शामिल होने से बेस्ट प्रैक्टिस का आदान-प्रदान हुआ, ग्लोबल इंटरऑपरेबिलिटी बढ़ी और इस इलाके में एक भरोसेमंद मैरीटाइम सर्च और रेस्क्यू पार्टनर के तौर पर भारत की भूमिका पक्की हुई।

एक्सरसाइज में 15 कोस्ट गार्ड शिप, तीन डोर्नियर एयरक्राफ्ट, तीन एडवांस लाइट हेलीकॉप्टर, एक चेतक हेलीकॉप्टर, वायु सेना के सी-130जे परिवहन विमान और एमआई-17 हेलीकाप्टर, इंडियन नेवी के दो शिप, साथ ही सिविल और स्टेट रिसोर्स और किनारे पर मौजूद सपोर्ट यूनिट शामिल थे। इस समुद्री ड्रिल में एक साथ हुई एयरोनॉटिकल और समुद्री संकट इमरजेंसी के बाद एक बड़े पैमाने पर रेस्क्यू ऑपरेशन का सिम्युलेट किया गया। इस दौरान 228 लोगों को ले जा रहा एक पैसेंजर एयरक्राफ्ट पारादीप पोर्ट के पास समुद्र में गिर गया, जिसका फ्यूज़लेज कंटेनर वेसल एमवी ज़ुम्बा से टकराया, जिससे स्ट्रक्चरल डैमेज हुआ और आग लग गई।

इस एक्सरसाइज में इंसिडेंट कमांड पोस्ट को एक्टिवेट करना, फायरफाइटिंग ऑपरेशन, हेलीकॉप्टर से लोगों को निकालना, लाइफ राफ्ट और एयर-ड्रॉपेबल लाइफ राफ्ट की तैनाती, जेसन क्रैडल और जेमिनी रिकवरी, रेस्क्यू बास्केट ऑपरेशन और स्क्रैम्बल नेट प्रोसीजर शामिल थे। इस एक्सरसाइज में रिमोटली ऑपरेटेड व्हीकल (आरओवी) कैपेबिलिटी का डेमोंस्ट्रेशन भी शामिल था। इस एक्सरसाइज़ ने इस बात को और पक्का किया कि हर मुश्किल कॉल पर मिलकर जवाब दिया जाना चाहिए और समुद्र में जानें बचाने की पूरी कोशिश की जानी चाहिए। -----------------

हिन्दुस्थान समाचार / सुनीत निगम

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