उद्योग, रोजगार, कृषि, दुग्ध उत्पादन, पर्यटन और विरासत के संरक्षण में सबसे आगे है मप्र : मोहन यादव

01 Nov 2026 22:36:53
मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के तीन दिवसीय समारोह का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री


मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के तीन दिवसीय समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री


मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के तीन दिवसीय समारोह में सांस्कृतिक प्रस्तुति देते हुए मोनाली ठाकुर


मध्यप्रदेश स्थापना दिवस के तीन दिवसीय समारोह में प्रदर्शनी का शुभारंभ करते हुए मुख्यमंत्री


- मुख्यमंत्री ने मप्र के स्थापना दिवस समारोह का किया शुभारंभ, मोनाली ठाकुर के गीतों ने किया श्रोताओं को मंत्रमुग्ध

भोपाल, 01 नवम्बर (हि.स.)। मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश उद्योग, रोजगार, कृषि, दुग्ध उत्पादन, पर्यटन और विरासत के संरक्षण में सभी प्रदेशों से आगे हैं। आने वाले समय में इन उपलब्धियों का विस्तार होगा।

मुख्यमंत्री डॉ यादव रविवार शाम को भोपाल के लाल परेड मैदान पर आयोजित मध्य प्रदेश स्थापना दिवस के तीन दिवसीय समारोह को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने मंगलदीप प्रज्ज्वलित कर राज्योत्सव का शुभारंभ किया। इस अवसर पर स्वस्ति वाचन हुआ। मुख्यमंत्री ने समस्त प्रदेशवासियों को स्थापना दिवस की बधाई दी और कलाकारों का स्वागत भी किया।

मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि मध्य प्रदेश की सांस्कृतिक चेतना विराट है। हम सभी इसे नमन करते हैं। प्रदेशवासी सौभाग्यशाली हैं। मध्य प्रदेश का गठन किसी एक व्यक्ति के विचार या काल खंड की देन नहीं हैं। यह हमारे प्रदेश की परिश्रमी संस्कृति और संस्कारवान जनमानस का प्रतिफल है। मध्यप्रदेशवासियों की समर्पण भावना सराहनीय है।

उन्होंने कहा कि उद्योग वर्ष के माध्यम से जहां वर्ष 2025 में युवाओं को बड़ी संख्या में रोजगार देने का कार्य हुआ वहीं वर्ष 2026 में किसान कल्याण वर्ष में कृषि क्षेत्र का विकास हुआ है। लघु, मध्यम और सूक्ष्म उद्योगों को आज ही 490 करोड़ की राशि सब्सिडी के रूप में दी गई है। मध्य प्रदेश में 12 लाख करोड़ का निवेश जमीन पर उतरा है। यह क्रम जारी है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि कृषि की ग्रोथ रेट चौबीस प्रतिशत से अधिक है। किसानों से विभिन्न परियोजनाओं के लिए भूमि लेने पर चार गुना राशि देने का निर्णय लिया गया। सिंचाई क्षेत्र का निरंतर विस्तार हो रहा है। प्रदेश में दुग्ध उत्पादन बढ़ाया जा रहा है। इस क्षेत्र में मध्यप्रदेश देश में तीसरे से प्रथम स्थान पर आयेगा। प्रदेश पर्यटन विकास और विरासत के संरक्षण में भी सबसे आगे है। मध्यप्रदेश अपनी अलग पहचान बना रहा है।

15 जनवरी को सेना दिवस की आकर्षक गतिविधियों का साक्षी बनेगा भोपाल

उन्होंने कहा कि भोपाल युवा वर्ष के पहले ही महीने में 15 जनवरी को सेना दिवस की आकर्षक गतिविधियों का साक्षी बनेगा। भोपाल में इस गरिमामय कार्यक्रम के लिए रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह पधारेंगे। हमारी सेना के जवान राष्ट्र की रक्षा के लिए दिन-रात सजग रहते हैं। इस कारण ही हमारा लोकतंत्र सुरक्षित है। भारत दुनिया के ऐसा देश है जो अपने दुश्मन देश के घर जाकर उसे मार सकता है। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी ने सेना का हौसला बढ़ाया है।

मुख्यमंत्री डॉ यादव ने कहा कि भोपाल के शौर्य स्मारक में प्रदेश का स्थापना दिवस मनाकर कार्यक्रमों की शुरूआत की गई। भोपाल में सेना दिवस का अद्भुत आयोजन राष्ट्र भक्ति और देश प्रेम के भाव को सशक्त बनाने का कार्य करेगा।

उन्होंने कहा कि पौने तीन वर्ष में प्रदेश के समग्र विकास के लिए अनेक कदम उठाए गए हैं। प्रधानमंत्री मोदी ने मध्यप्रदेश को अनेक सौगातें दी हैं। इनमें धार जिले में पीएम मित्र पार्क, बीना रिफायनरी की विस्तार परियोजना, केन-बेतवा और पार्वती-कालीसिंध- चंबल अंतरराज्यीय नदी जोड़ो परियोजनाएं, मोहासा-बाबई रिन्यूएबल एनर्जी एंड पावर इक्विपमेंट मैन्युफैक्चरिंग जोन की स्वीकृति महत्वपूर्ण हैं। अन्य क्षेत्रों में भी प्रदेश में निवेश बढ़ रहा है।

मुख्यमंत्री ने परेड मैदान पहुंचते ही सर्वप्रथम राज्य की उपलब्धियों पर आधारित प्रदर्शनियों का अवलोकन किया। मध्यप्रदेश के 71वें स्थापना दिवस पर ‘राज्योत्सव’ के शुभारंभ अवसर पर भव्य आतिशबाजी भी की गई।

किसान कल्याण स्वाभिमान पर्व क्विज के विजेताओं और मेधावी विद्यार्थियों को किया सम्मानित

मुख्यमंत्री ने किसान कल्याण स्वाभिमान पर्व क्विज और भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति के विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए। कल्याण स्वाभिमान पर्व क्विज में भोपाल जिले के विजेता प्रथम–संदीप वर्मा, द्वितीय–सुहानी राजपूत एवं तृतीय–समीर गौड़के को मुख्यमंत्री द्वारा पुरस्कृत किया गया। साथ ही भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति के विजेताओं को भी पुरस्कृत किया गया। इस अवसर पर भोपाल जिले के विजेता अक्षरा गोस्वामी-शासकीय महिला पॉलिटेक्निक कॉलेज (विद्यालय वर्ग) एवं प्रीतम मांडलेकर-सरदार वल्लभभाई पॉलिटेक्निक (विद्यालय वर्ग) को पुरस्कृत किया गया।

उल्लेखनीय है कि किसान कल्याण स्वाभिमान पर्व क्विज में सम्पूर्ण मध्यप्रदेश में 165 विजेताओं का चयन किया गया है। पुरस्कार वितरण ने प्रदेश की विकास यात्रा में कृषि समृद्धि, प्रतिभा प्रोत्साहन और उज्ज्वल भविष्य के संकल्प को रेखांकित किया।

मोनाली ठाकुर के सुरों से सजी संगीतमय शाम

समारोह का प्रमुख आकर्षण सुविख्यात पार्श्वगायिका मोनाली ठाकुर एवं साथी, मुंबई की संगीतमय प्रस्तुति रही। अपनी मधुर और बहुआयामी गायन शैली के लिए पहचानी जाने वाली मोनाली ठाकुर ने अपनी सुरमयी प्रस्तुतियों से समारोह में संगीत और उल्लास का अद्भुत वातावरण रचा। उनके लोकप्रिय गीतों ‘सवार लूँ’ (लुटेरा), ‘मोह-मोह के धागे’ (दम लगा के हईशा), ‘जरा-जरा टच मी’ एवं ‘ख्वाब देखे’ (रेस), ‘छम-छम’ (बागी) और ‘बद्री की दुल्हनिया’ ने श्रोताओं को संगीत के विविध रंगों से सराबोर किया।

समारोह में मंत्री चैतन्य काश्यप व कृष्णा गौर, विधायकगण रामेश्वर शर्मा, भगवानदास सबनानी, विष्णु खत्री के अलावा महापौर मालती राय, नगर निगम अध्यक्ष किशन सूर्यवंशी, मुख्य सचिव अशोक बर्णवाल, अपर मुख्य सचिव शिवशेखर शुक्ला, मुख्यमंत्री के सांस्कृतिक सलाहकार श्रीराम तिवारी उपस्थित थे। मुख्यमंत्री डॉ. यादव ने आधुनिक कृषि प्रदर्शनी, विकास दीर्घा, महिला उद्यमिता मंडप और स्वाद-देशज व्यंजन मेले उद्घाटन कर अवलोकन किया।

मेधावी विद्यार्थियों और किसानों का सम्मान

मुख्यमंत्री डॉने प्रदेश के 102 प्रतिभाशाली छात्र-छात्राओं को ‘भगवान श्रीकृष्ण मेधावी छात्रवृत्ति’ के अंतर्गत 1-1 लाख रुपये की सम्मान राशि और प्रशस्ति-पत्र प्रदान किए। ‘किसान स्वाभिमान पर्व क्विज’ के विजेताओं को ट्रैक्टर, बुलेट मोटरसाइकिल और ई-स्कूटर वितरित किए गए। मुख्यमंत्री ने विजेताओं को पुरस्कृत किया।

लाल परेड ग्राउंड में महाराजा विक्रमादित्य शोध पीठ द्वारा तैयार ‘राजा भोज का भोपाल’ विषयक 160 वॉटर कलर चित्रों की विशेष प्रदर्शनी तथा उन्नत कृषि तकनीकों और जैविक खेती पर केंद्रित राज्य स्तरीय संगोष्ठी भी आयोजित की गई। मुख्य सांस्कृतिक समारोह के शुरुआत में ‘देशराग’ के अंतर्गत 71 बच्चों द्वारा राष्ट्रगीत ‘वंदे मातरम्’ के सामूहिक गायन, पुलिस बैंड द्वारा राष्ट्रगान और नयनाभिराम आतिशबाजी हुई।

----------------------

हिन्दुस्थान समाचार / मुकेश तोमर

Powered By Sangraha 9.0