दीपोत्सव पर राम जन्मभूमि में उपराष्ट्रपति राधाकृष्णन और राज्यपाल आनंदीबेन ने की रामलला की आरती, प्रज्ज्वलित किए दीप

युगवार्ता    07-Nov-2026
Total Views |
राम मंदिर के दीपोत्सव में उपराष्ट्रपति


राम मंदिर के दीपोत्सव में उपराष्ट्रपति


राम मंदिर के दीपोत्सव में उपराष्ट्रपति


राम मंदिर के दीपोत्सव में उपराष्ट्रपति


- एक लाख दीपों से आलोकित हुआ श्रीरामजन्मभूमि परिसर

अयोध्या, 07 नवंबर (हि.स.)। दीपोत्सव पर शनिवार को श्रीरामजन्मभूमि मन्दिर में उपराष्ट्रपति सी. पी. राधाकृष्णन और राज्यपाल आनंदीबेन पटेल ने श्रद्धापूर्वक एक साथ श्रीरामलला विराजमान की आरती की। इस दौरान दर्शन के लिये आये श्रद्धालुओं के ‘जय श्रीराम’ के उद्घोष से मन्दिर परिसर गूँज उठा। आरती के पश्चात उपराष्ट्रपति और राज्यपाल ने मन्दिर प्रांगण में दीप प्रज्ज्वलित किये।

श्रीरामजन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र न्यास के महासचिव स्वामी गोविन्ददेव गिरि महाराज ने उपराष्ट्रपति और राज्यपाल का स्वागत किया। धार्मिक समिति के सदस्य महंत कमलनयन दास महाराज, महंत आचार्य मिथिलेश नन्दिनी शरण महाराज, अधिकारी संत राजकुमार दास महाराज और न्यासी महन्त दिनेंद्र दास महाराज आरती के समय उपस्थित रहे। इस मौके पर न्यासी कृष्ण मोहन और मदन मोहन पाण्डेय भी उपस्थित रहे। न्यास के मुख्य कार्यपालक अधिकारी एयर मार्शल जितेन्द्र मिश्र (सेवानिवृत्त) और सचिव जगदीश आफले ने आयोजन की व्यवस्थाओं की देखरेख की।

ट्रस्ट (समाचार प्रबंधक) सुभाष चंद्र सिंह ने शनिवार को विज्ञप्ति जारी कर बताया कि मन्दिर परिसर में दोपहर से निर्धारित स्थानों पर दीप रखने का कार्य आरम्भ हुआ, जो सायं चार बजे तक पूरा हो गया। आरती के पश्चात उपराष्ट्रपति और राज्यपाल के दीप प्रज्ज्वलित करने के बाद लगभग तीन हजार श्रद्धालुओं ने परिसर के विभिन्न भागों में दीप जलाये। सायंकाल तक श्रीरामजन्मभूमि मन्दिर परिसर लगभग एक लाख दीपों से आलोकित हो उठा। अनेक स्थानों पर बनायी गयी रंगोलियों ने दीप सज्जा की शोभा बढ़ायी।

यात्री सुविधा केन्द्र (पीएफसी), पीएफसी प्लाजा, नल टीला, श्रीरामजन्मभूमि पथ, बैगेज स्कैनर क्षेत्र, कैनोपी, दर्शन मार्ग, सिंह द्वार और चरण पादुका क्षेत्र दीपों से जगमगाते रहे। मन्दिर का प्रांगण, ग्रीन हाउस, परकोटा, यज्ञशाला, कुबेर टीला, सप्तमण्डप, शेषावतार मन्दिर, हुतात्मा स्मारक, पंचवटी, यात्री सेवा केन्द्र, रामानन्दाचार्य द्वार, सीता रसोई और अंगद टीला भी देर रात तक दीपों से आलोकित रहे।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / पवन पाण्डेय

Tags