कमजोर बाजार में सिडेमैक मेकेट्रॉनिक्स की मजबूत शुरुआत, मुनाफे में आईपीओ निवेशक

युगवार्ता    11-Mar-2026
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प्रतीकात्मक


नई दिल्ली, 11 मार्च (हि.स.)। घरेलू शेयर बाजार में गिरावट का माहौल होने के बावजूद पावरट्रेन कंट्रोलर्स, मोटर कंट्रोल प्रोडक्ट्स और इंटीग्रेटेड स्टार्टर-जेनेरेटर सॉल्यूशंस बनाने वाली कंपनी सीडेमैक मेकेट्रॉनिक्स के शेयरों ने आज स्टॉक मार्केट में प्रीमियम एंट्री करके अपने आईपीओ निवेशकों को खुश कर दिया।

आईपीओ के तहत कंपनी के शेयर 1,352 रुपये के भाव पर जारी किए गए थे। आज बीएसई पर इसकी लिस्टिंग 1,510 रुपये के स्तर पर और एनएसई पर 1,535 रुपये के स्तर पर हुई। इस तरह मार्केट में एंट्री करने के साथ ही आईपीओ निवेशकों को करीब 13 प्रतिशत का लिस्टिंग गेन मिल गया। दिन के कारोबार में खरीदारी के सपोर्ट से ये शेयर उछल कर 1,613.50 रुपये के स्तर तक पहुंच गया। हालांकि, बाद में मुनाफा वसूली होने पर इसने 1,420 रुपये के स्तर तक गोता भी लगाया। पूरे दिन के कारोबार के बाद कंपनी के शेयर 1,452.10 रुपये के स्तर पर बंद हुए। इस तरह पहले दिन के कारोबार के बाद कंपनी के आईपीओ निवेशक 7.40 प्रतिशत के फायदे में रहे।

सीडेमैक मेकेट्रॉनिक्स का 1,087.45 करोड़ रुपये का आईपीओ चार मार्च से छह मार्च के बीच सब्सक्रिप्शन के लिए खुला था। इस आईपीओ को निवेशकों की ओर से फीका रिस्पॉन्स मिला था, जिसके कारण ये ओवरऑल 2.68 गुना सब्सक्राइब हुआ था। इनमें क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (क्यूआईबी) के लिए रिजर्व पोर्शन 8.46 गुना सब्सक्राइब हुआ था। नॉन इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर्स (एनआईआई) के लिए रिजर्व पोर्शन में सिर्फ 0.77 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। इसी तरह रिटेल इन्वेस्टर्स के लिए रिजर्व पोर्शन भी पूरी तरह से नहीं भर सका था। इसमें सिर्फ 0.20 गुना सब्सक्राइब हो सका था। इसके अलावा एंप्लॉयीज के लिए रिजर्व पोर्शन में 2.68 गुना सब्सक्रिप्शन आया था। इस आईपीओ के तहत 10 रुपये फेस वैल्यू वाले कुल 80,43,300 शेयर ऑफर फॉर सेल विंडो के जरिये जारी किए गए हैं।

कंपनी की वित्तीय स्थिति की बात करें, तो कैपिटल मार्केट रेगुलेटर सेबी के पास जमा कराए गए ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (डीआरएचपी) में किए गए दावे के मुताबिक इसकी वित्तीय सेहत में उतार चढ़ाव होता रहा है। वित्त वर्ष 2022-23 में कंपनी को 8.57 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हुआ था, जो अगले वित्त वर्ष 2023-24 में घट कर 5.88 करोड़ रुपये हो गया। इसके अगले वित्त वर्ष 2024-25 में कंपनी का शुद्ध लाभ उछल कर 47.05 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया। मौजूदा वित्त वर्ष में अप्रैल से 31 दिसंबर 2025 तक कंपनी को 71.50 करोड़ रुपये का शुद्ध लाभ हो चुका है।

इस दौरान कंपनी की राजस्व प्राप्ति में भी बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2022-23 में इसे 429.87 करोड़ का कुल राजस्व प्राप्त हुआ, जो वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 535.90 करोड़ और वित्त वर्ष 2024-25 में उछल कर 662.54 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष में अप्रैल से 31 दिसंबर 2025 तक कंपनी को 775.31 करोड़ रुपये का राजस्व प्राप्त हो चुका है।

इस अवधि में कंपनी पर लदे कर्ज के बोझ में उतार चढ़ाव होता रहा। वित्त वर्ष 2022-23 के अंत में कंपनी पर 109.61 करोड़ रुपये के कर्ज का बोझ था, जो वित्त वर्ष 2023-24 में बढ़ कर 150.62 करोड़ रुपये और वित्त वर्ष 2024-25 में कम होकर 49.62 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष में 31 दिसंबर 2025 तक कंपनी पर लदे कर्ज का बोझ घट कर 46.89 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया था।

इस अवधि में कंपनी के रिजर्व और सरप्लस में भी बढ़ोतरी हुई। वित्त वर्ष 2022-23 में ये 114.93 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2023-24 में बढ़ कर 124.03 करोड़ रुपये हो गया। इसी तरह 2024-25 में कंपनी का रिजर्व और सरप्लस 303.35 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। वहीं मौजूदा वित्त वर्ष में 31 दिसंबर 2025 तक ये 366.74 करोड़ रुपये के स्तर पर पहुंच गया।

इसी तरह ईबीआईटीडीए (अर्निंग बिफोर इंट्रेस्ट, टैक्सेज, डिप्रेशिएशंस एंड एमॉर्टाइजेशन) 2022-23 में 54.24 करोड़ रुपये के स्तर पर था, जो 2023-24 में बढ़ कर 83.12 करोड़ रुपये हो गया। इसके बाद 2024-25 में कंपनी का ईबीआईटीडीए 125.07 करोड़ रुपये के स्तर पर आ गया। मौजूदा वित्त वर्ष में 31 दिसंबर 2025 तक ये 161.07 करोड़ रुपये के स्तर पर रहा।

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हिन्दुस्थान समाचार / योगिता पाठक

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