केंद्रीय पेट्राेलियम मंत्री ने हरिद्वार में पांच मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र राष्ट्र को किया समर्पित

13 Mar 2026 17:50:53
सौर ऊर्जा संयंत्र का लोकार्पण करते मंत्री एच. डी. कुमारस्वामी ने


हरिद्वार, 13 मार्च (हि.स.)। केंद्रीय भारी उद्योग एवं इस्पात मंत्री एच. डी. कुमारस्वामी ने शुक्रवार काे बीएचईएल हरिद्वार उपनगरी में नवनिर्मित 5 मेगावाट सौर ऊर्जा संयंत्र राष्ट्र को समर्पित किया। इसके अलावा केंद्रीय मंत्री ने बीएचईएल की सीएफएफपी इकाई में 30 टन इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस का भी उद्घाटन भी किया। इसके साथ ही केंद्रीय मंत्री ने बीएचईएल हरिद्वार की निर्मित 53वीं एसआरजीएम नेवल गन की खेप काे झंडी दिखाकर रवाना किया।

इस माैके पर आयाेजित कार्यक्रम को सम्बोधित करते हुए केंद्रीय मंत्री कुमारस्वामी ने कहा कि केंद्र सरकार स्वच्छ ऊर्जा और पर्यावरण संरक्षण को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है। उन्होंने बीएचईएल के हरित ऊर्जा के क्षेत्र में किए जा रहे प्रयासों की भी सराहना की। केंद्रीय मंत्री

कुमारस्वामी ने बीएचईएल हरिद्वार की निर्मित 53वीं एसआरजीएम नेवल गन के संबंध में कहा कि यह नेवल गन रक्षा क्षेत्र में आत्मनिर्भर भारत के लक्ष्य को साकार करने की दिशा में एक अहम कदम है। यह नेवल गन 35 किलोमीटर के दायरे में, हवा और पानी में विभिन्न प्रकार के लक्ष्यों को भेद सकती है। केंद्रीय मंत्री ने बीएचईएल हरिद्वार की सीएफएफपी इकाई में 30 टन इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस का भी उद्घाटन किया। इस संबंध में मंत्री ने कहा कि बीएचईएल धा स्थापित यह फर्नेस, देश के भारी उद्योग क्षेत्र की आवश्यकताओं को पूरा करने में उपयोगी साबित होगी। इस अत्याधुनिक इलेक्ट्रिक आर्क फर्नेस से उच्च गुणवत्ता वाले स्टील के उत्पादन में मदद मिलेगी, जिससे बड़े आकार के कास्टिंग एवं फोर्जिंग की गुणवत्ता और दक्षता में भी उल्लेखनीय सुधार होगा। केंद्रीय मंत्री ने अडानी पावर लिमिटेड के रायपुर प्रोजेक्ट की यूनिट-1 के लिए निर्मित 800 मेगावॉट क्षमता के टीजी स्टेटर को भी हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। कुमारस्वामी ने स्टेटर के सफल निर्माण एवं डिस्पैच को बीएचईएल की तकनीकी उत्कृष्टता का एक नायाब नमूना बताया।

बीएचईएल के अध्यक्ष एवं प्रबंध निदेशक के. सदाशिव मूर्ति ने कहा कि यह सोलर पावर प्लांट, हरित ऊर्जा के क्षेत्र में बीएचईएल का एक महत्वपूर्ण कदम है। हरिद्वार इकाई के कार्यपालक निदेशक रंजन कुमार ने बताया कि इस संयंत्र से प्राप्त बिजली, संस्थान की आंतरिक ऊर्जा आवश्यकताओं को पूरा करने में सहायक होगी। कुमारस्वामी ने बीएचईएल कर्मचारियों के साथ भी विभिन्न विषयों पर संवाद किया। इन अवसरों पर महाप्रबंधकगण, वरिष्ठ अधिकारी, यूनियन एवं एसोसिएशन के प्रतिनिधि तथा बहुत बड़ी संख्या में कर्मचारी आदि उपस्थित थे।

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हिन्दुस्थान समाचार / डॉ.रजनीकांत शुक्ला

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