
तेहरान, 22 मार्च (हि.स.)। पश्चिम एशिया में जारी तनाव के बीच एक बड़ा घटनाक्रम सामने आया है। इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी ) ने दावा किया है कि उसने ईरान के हवाई क्षेत्र में घुसपैठ कर रहे इजरायली एफ-16 लड़ाकू विमान को मार गिराया है। इस घटना ने ईरान और इजरायल के बीच बढ़ते सैन्य टकराव को और तेज कर दिया है, जिससे पूरे क्षेत्र में हालात और तनावपूर्ण हो गए हैं।
ईरान की अंतरराष्ट्रीय टीवी चैनल प्रेस टीवी के अनुसार, इस्लामिक रिवोल्यूशन गार्ड्स कॉर्प्स (आईआरजीसी ) ने दावा किया है कि उसने मध्य ईरान के हवाई क्षेत्र में एक और इजरायली एफ-16 लड़ाकू विमान को इंटरसेप्टर मिसाइल से मार गिराया है। इससे पहले ईरान ने अमेरिका के एफ-35 को मार गिराया था। अमेरिकी रक्षा एजेंसी ने इसकी पुष्टि की थी और कहा था कि हमले में विमान को नुकासान पहुंचा,लेकिन उसके चालक सुरक्षित बच निकले।
आईआरजीसी के जनसंपर्क विभाग ने बताया कि यह कार्रवाई स्थानीय समयानुसार सुबह 3:45 बजे की गई। संगठन के अनुसार, अब तक 200 से अधिक दुश्मन हवाई लक्ष्यों—जिनमें ड्रोन, क्रूज मिसाइलें और उन्नत लड़ाकू विमान शामिल हैं -को नष्ट किया जा चुका है। इसे ईरान की बढ़ती रक्षा क्षमता और हवाई निगरानी प्रणाली की उन्नति के रूप में प्रस्तुत किया जा रहा है।
वहीं, इजरायली सेना ने पुष्टि की है कि उसके एक लड़ाकू विमान काे ईरान मिसाइल ने निशाना बनाया लेकिन पायलट सुरक्षित बाहर निकलने में सफल रहा। इजरायली सेना के अनुसार, यह विमान उनके नियंत्रित क्षेत्रों से उड़ान भरकर ईरान में हवाई हमले के मिशन पर था।
पश्चिम एशिया में 28 फरवरी से अमेरिका-इजरायल और ईरान के बीच चल रहे युद्ध चल रहा है। इसके जवाब में ईरान ने इजरायल और खाड़ी क्षेत्र में मौजूद अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइल और ड्रोन हमले तेज कर दिए हैं।
इस घटना ने पूरे क्षेत्र में संघर्ष को और बढ़ा दिया है, जिससे अंतरराष्ट्रीय समुदाय की चिंता बढ़ती जा रही है।-------------------
हिन्दुस्थान समाचार / अमरेश द्विवेदी