चंडीगढ़, 25 अप्रैल (हि.स.)। पंजाब के सात में से छह राज्यसभा सदस्यों के आम आदमी पार्टी (आआपा) छोड़ने के बाद प्रदेश की राजनीति गरमाई हुई है। मुख्यमंत्री भगवंत मान जहां पार्टी छोड़ने वाले राज्यसभा सांसदों के विरूद्ध आक्रामक हो गए हैं वहीं इस पूरे मामले को लेकर राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मु से मिलने का समय मांगा है।
मुख्यमंत्री भगवंत मान ने चंडीगढ़ में शनिवार को बताया कि वह राष्ट्रपति से पार्टी छोड़ने वाले सांसदों के 'वापस बुलाने' के मुद्दे पर अपना पक्ष रखेंगे। उन्होंने कहा कि पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह राज्यसभा सभापति से मिलेंगे, जहां वे पार्टी छोड़ने वाले सांसदों की सदस्यता रद्द करने की मांग करेंगे।
संजय सिंह ने एक प्रेस वार्ता में कहा कि मैं राज्यसभा के सभापति एवं उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन को सभी प्रासंगिक नियमों का हवाला देते हुए पत्र दूंगा, जिसमें इन सातों राज्यसभा सांसदों की सदस्यता समाप्त करने की मांग की जाएगी।
वहीं, मुख्यमंत्री भगवंत मान ने सोशल मीडिया एक्स पर पार्टी छोड़ने वाले सांसदों पर तंज कसा। मान ने लिखा कि अदरक, लहसुन, जीरा, मेथी पाउडर, लाल मिर्च, काली मिर्च और धनिया, ये सात चीजें मिलकर सब्जियां स्वादिष्ट बनाती हैं, लेकिन इनकी सब्जी नहीं बन सकती।
आम आदमी पार्टी छोड़ने के बाद राज्यसभा सांसद राघव चड्ढा ने शुक्रवार को ही सांसद अशोक मित्तल और संदीप पाठक के साथ भाजपा ज्वाइन कर ली थी। राघव चड्ढा के मुताबिक हरभजन सिंह, विक्रमजीत सिंह साहनी, स्वाति मालीवाल, राजेंदर गुप्ता भी हमारे साथ हैं।
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हिन्दुस्थान समाचार / संजीव शर्मा