सीजफायर विफल होने की आशंका से कच्चे तेल में उबाल, डब्ल्यूटीआई क्रूड 3.5 प्रतिशत से अधिक उछला

09 Apr 2026 10:59:53
प्रतीकात्मक


नई दिल्ली, 09 अप्रैल (हि.स.)। पश्चिम एशिया में सीजफायर को लेकर बनी असमंजस की स्थिति के कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में क्रूड ऑयल (कच्चे तेल) के भाव में एक बार फिर तेजी का रुख बन गया है। ब्रेंट क्रूड आज 2.50 प्रतिशत से अधिक उछल गया। इसी तरह वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई) क्रूड ने भी आज 3.50 प्रतिशत से अधिक की छलांग लगाई।

पश्चिम एशिया में सीजफायर का ऐलान होने के कुछ घंटे बाद ही अमेरिका ने ईरान की शर्तों को बेतुका और बचकाना बता दिया। दूसरी ओर, इजरायल ने बुधवार को लेबनान पर जोरदार हमला किया, जिससे करीब 250 लोगों की मौत हो जाने की खबर आई। अमेरिका के तीखे बयान और इजरायल के हमले से भड़के ईरान ने एक बार फिर हॉर्मुज स्ट्रेट को बंद करने की धमकी दे दी। ईरान की ओर से कहा गया है कि सीजफायर की शर्तों का उल्लंघन हुआ है। ऐसी स्थिति में अगर हॉर्मुज स्ट्रेट से होकर कोई जहाज गुजरा, तो उसे उड़ा दिया जाएगा। ईरान की चेतावनी के बाद से ही हॉर्मुज स्ट्रेट एक बार फिर ठप हो गया है, जिसके कारण अंतरराष्ट्रीय बाजार में कच्चे तेल की कीमत में तेजी आ गई है।

ब्रेंट क्रूड ने आज 2.22 डॉलर प्रति बैरल की तेजी के साथ 96.97 डॉलर प्रति बैरल के स्तर से आज के कारोबार की शुरुआत की। थोड़ी देर में ही इसकी कीमत 97.89 डॉलर प्रति बैरल के स्तर तक पहुंच गई। भारतीय समय के मुताबिक सुबह 10:30 बजे ब्रेंट क्रूड 2.53 डॉलर प्रति बैरल यानी 2.67 प्रतिशत उछल कर 97.28 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर कारोबार कर रहा था।

इसी तरह वेस्ट टेक्सास इंटरमीडिएट (डब्ल्यूटीआई क्रूड ने आज 2.49 डॉलर प्रति बैरल की तेजी के साथ 96.90 डॉलर प्रति बैरल के स्तर से आज के कारोबार की शुरुआत की। थोड़ी देर में ही इसकी कीमत 98.38 डॉलर प्रति बैरल के स्तर तक पहुंच गई। भारतीय समय के मुताबिक सुबह 10:30 बजे डब्ल्यूटीआई क्रूड 3.31 डॉलर प्रति बैरल यानी 3.51 प्रतिशत उछल कर 97.72 डॉलर प्रति बैरल के स्तर पर कारोबार कर रहा था।

मार्केट एक्सपर्ट्स का कहना है की सीजफायर का ऐलान होने के बावजूद बुधवार को ज्यादातर समय हॉर्मुज स्ट्रेट ब्लॉक पड़ा हुआ था। सीजफायर की घोषणा होने के कुछ घंटे बाद ही अमेरिका के तीखे बयान और ईरान के जवाबी बयान की वजह से सीजफायर के भविष्य को लेकर ऊहापोह की स्थिति बन गई। इसके साथ ही इजरायल ने लेबनान में हिजबुल्ला के ठिकानों पर हमला कर हालात को और बिगाड़ दिया आज ईरान की ओर से सऊदी अरब, कुवैत, बहरीन, संयुक्त अरब अमीरात और इजरायल समेत खाड़ी के कई देशों में अमेरिकी ठिकानों पर मिसाइल हमले होने की खबर भी आई। इसकी वजह से दो सप्ताह तक पश्चिम एशिया में सीजफायर जारी रहने की बात को लेकर आशंका बन गई है।

फिनरेक्स ट्रेजरी एडवाइजर्स एलएलपी के एग्जीक्यूटिव डायरेक्टर अनिल भंसाली का कहना है कि सीजफायर अगर विफल हुआ, तो पश्चिम एशिया में हालत काफी हद तक बिगड़ सकते हैं। अमेरिका पहले ही ईरान पर जोरदार हमला करने की चेतावनी दे चुका है। दूसरी ओर, ईरान भी लगातार अमेरिका को जोरदार जवाब देने की धमकी देता रहा है। इन दोनों पक्षों की खेमेबंदी की वजह से दुनिया भर में क्रूड ऑयल और नेचुरल गैस की सप्लाई पर असर पड़ने लगा है।

हॉर्मुज स्ट्रेट ठप होने के कारण क्रूड ऑयल और नेचुरल गैस की 20 से 30 प्रतिशत आपूर्ति पूरी तरह से रुक गई है। इसके साथ ही खाड़ी देशों पर ईरान के हमले की वजह से क्रूड ऑयल और नेचुरल गैस के उत्पादन पर भी प्रतिकूल असर पड़ा है। ऐसे में सीजफायर विफल हो जाने की आशंका ने एक बार फिर दुनिया भर में एनर्जी क्राइसिस का डर बना दिया है। यही कारण है कि आज कच्चे तेल की कीमत में उछाल का रुख नजर आ रहा है।

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हिन्दुस्थान समाचार / योगिता पाठक

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