ताइवान को हथियार आपूर्ति पर बढ़ी चिंता, अमेरिकी नीति को लेकर उठे सवाल

युगवार्ता    17-May-2026
Total Views |

वॉशिंगटन, 17 मई (हि.स.)। ताइवान को भविष्य में अमेरिकी हथियार आपूर्ति को लेकर नई चिंताएं सामने आई हैं। हालिया अमेरिका-चीन वार्ता के बाद यह आशंका जताई जा रही है कि ताइवान से जुड़े रक्षा मुद्दे व्यापक कूटनीतिक बातचीत का हिस्सा बन सकते हैं।

अमेरिका में ताइवान के प्रतिनिधि अलेक्जेंडर युई ने कहा कि क्षेत्रीय स्थिरता बनाए रखने और संभावित तनाव को रोकने के लिए ताइवान को निरंतर रक्षा समर्थन की आवश्यकता है। उन्होंने कहा कि किसी भी संघर्ष को रोकने का सबसे प्रभावी तरीका यह है कि ताइवान अपनी सुरक्षा सुनिश्चित करने में सक्षम बना रहे।

यह बयान ऐसे समय आया है जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के हालिया बयानों के बाद ताइवान से जुड़े रक्षा सहयोग पर चर्चा तेज हो गई है। रिपोर्टों के अनुसार, ताइवान के लिए हथियार आपूर्ति को भविष्य की व्यापक वार्ताओं में एक संभावित मुद्दे के रूप में देखा जा रहा है। हालांकि अमेरिकी प्रशासन की ओर से ताइवान नीति में किसी औपचारिक बदलाव की घोषणा नहीं की गई है।

युई ने कहा कि अमेरिका और ताइवान के बीच लंबे समय से चली आ रही स्थिरता की नीति अब भी बरकरार है, लेकिन ताइवान चाहता है कि उसकी सुरक्षा संबंधी चिंताओं को भी पर्याप्त महत्व दिया जाए।

दूसरी ओर चीन लगातार ताइवान को अपना हिस्सा मानता रहा है और विदेशी सैन्य सहयोग का विरोध करता है। हाल के वर्षों में ताइवान के आसपास सैन्य गतिविधियों और अभ्यासों में वृद्धि भी देखी गई है, जिससे क्षेत्रीय तनाव बढ़ा है।

पूर्व अमेरिकी रक्षा मंत्री रॉबर्ट गेट्स ने भी कहा कि भविष्य में सैन्य टकराव केवल सीधे हमले तक सीमित नहीं हो सकता, बल्कि आर्थिक और रणनीतिक दबाव के अन्य तरीके भी अपनाए जा सकते हैं।

--------------------

हिन्दुस्थान समाचार / आकाश कुमार राय

Tags