कार्यस्थलों पर महिला सुरक्षा को लेकर आयोग ने राज्यों को जारी की एडवाइजरी

युगवार्ता    19-Jun-2026
Total Views |
राष्ट्रीय महिला आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर


नई दिल्ली, 19 जून (हि.स.)। महिलाओं के लिए सुरक्षित और सम्मानजनक कार्यस्थल सुनिश्चित करने के उद्देश्य से राष्ट्रीय महिला आयोग (एनसीडब्ल्यू ) ने सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों को व्यापक एडवाइजरी जारी की है। शुक्रवार को आयोग की तरफ से जारी एडवाइजरी में कार्यस्थलों पर यौन उत्पीड़न की रोकथाम, निषेध और निवारण अधिनियम (पोश एक्ट), 2013 के प्रभावी क्रियान्वयन के लिए महत्वपूर्ण कदम उठाने की सिफारिश की गई है।

एडवाइजरी में 10 या उससे अधिक कर्मचारियों वाले सभी संस्थानों में वार्षिक पोश ऑडिट अनिवार्य करने का सुझाव दिया गया है।

आयोग की तरफ से जारी परामर्श में राज्यों को पोश मॉनिटरिंग सेल या डिजिटल डैशबोर्ड स्थापित कर कानून के अनुपालन की नियमित निगरानी करने को कहा गया है। आयोग ने सभी सरकारी विभागों, सार्वजनिक उपक्रमों, शैक्षणिक संस्थानों, अस्पतालों और निजी प्रतिष्ठानों में आंतरिक शिकायत समितियों का गठन सुनिश्चित करने पर जोर दिया है। साथ ही, असंगठित क्षेत्र, घरेलू कामगारों और छोटे प्रतिष्ठानों में कार्यरत महिलाओं की शिकायतों के निस्तारण के लिए स्थानीय समितियों को मजबूत बनाने की सिफारिश की गई है।

एडवाइजरी में ब्लॉक, तहसील और नगर स्तर पर नोडल अधिकारियों की नियुक्ति, पोश कानून के प्रति जागरूकता अभियान, समिति सदस्यों के प्रशिक्षण तथा शिकायतकर्ताओं को प्रताड़ना और भेदभाव से सुरक्षा प्रदान करने के निर्देश भी शामिल हैं। आयोग ने केंद्र सरकार के शी बॉक्स पोर्टल के उपयोग को बढ़ावा देने तथा शिकायत प्रक्रिया और समिति संबंधी जानकारी सार्वजनिक रूप से उपलब्ध कराने पर भी बल दिया है।

आयोग की अध्यक्ष विजया रहाटकर ने कहा कि महिलाओं की गरिमा और सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जा सकता। उन्होंने कहा कि हर कार्यस्थल महिलाओं के लिए सुरक्षित, सम्मानजनक और समान अवसर प्रदान करने वाला होना चाहिए।

इन उपायों से देशभर में महिलाओं के लिए सुरक्षित, समावेशी और लैंगिक संवेदनशील कार्यस्थल संस्कृति विकसित होगी तथा कार्यस्थलों पर यौन उत्पीड़न के मामलों की रोकथाम और प्रभावी सुनवाई सुनिश्चित हो सकेगी।

---------------

हिन्दुस्थान समाचार / विजयालक्ष्मी

Tags