राजस्थान और तेलंगाना को कृषि योजनाओं के लिए 605.71 करोड़ रुपये की मंजूरी

13 Aug 2026 18:36:53
केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को दोनों राज्यों के कृषि मंत्रियों के साथ वर्चुअल बैठक के दौरान


नई दिल्ली, 13 अगस्त (हि.स.)। केंद्र सरकार ने राजस्थान और तेलंगाना में कृषि क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए प्रधानमंत्री राष्ट्रीय कृषि विकास योजना (पीएम आरकेवीवाई ) और कृषोन्नति योजना (के वाई ) के तहत कुल 605.71 करोड़ रुपये की वित्तीय मंजूरी दी है। केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण तथा ग्रामीण विकास मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने गुरुवार को दोनों राज्यों के कृषि मंत्रियों के साथ वर्चुअल बैठक के दौरान यह स्वीकृति दी।

इसमें राजस्थान को 340.59 करोड़ रुपये और तेलंगाना को 265.12 करोड़ रुपये मिलेंगे।

राजस्थान को राष्ट्रीय कृषि विकास योजना मद में 216.12 करोड़ रुपये और के वाई मद में 124.47 करोड़ रुपये दिए जाएंगे। वहीं, तेलंगाना को राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के तहत 157.66 करोड़ रुपये और केवाई के तहत 107.46 करोड़ रुपये की राशि जारी की जाएगी।

राजस्थान के लिए 2026-27 की वार्षिक कार्ययोजना में 849.37 करोड़ रुपये की मंजूरी पहले ही दी जा चुकी है। इसमें केंद्र का हिस्सा 509.62 करोड़ रुपये है। राज्य को मई में 216.13 करोड़ रुपये की पहली मदर सैंक्शन जारी हुई थी, जिसमें से अब तक 164.39 करोड़ रुपये यानी 76.06 प्रतिशत खर्च किए जा चुके हैं।

इसी तरह तेलंगाना के लिए 2026-27 की वार्षिक कार्ययोजना 651.06 करोड़ रुपये की है, जिसमें केंद्र का हिस्सा 390.63 करोड़ रुपये है। राज्य को पहली मदर सैंक्शन के तौर पर 157.65 करोड़ रुपये मिले थे, जिसमें से 96.05 करोड़ रुपये यानी 60.93 प्रतिशत खर्च हो चुके हैं।

बैठक में शिवराज सिंह चौहान ने तेलंगाना के फार्मर आईडी और उर्वरक वितरण मॉडल की विशेष रूप से सराहना की। उन्होंने कहा कि इस तरह की व्यवस्था से किसानों तक सरकारी सेवाएं अधिक पारदर्शी और प्रभावी तरीके से पहुंचाई जा सकती हैं। हालांकि, उन्होंने तेलंगाना में तिलहन और दलहन मिशनों के तहत खर्च और योजनाओं के क्रियान्वयन की गति बढ़ाने की जरूरत बताई।

वहीं, राजस्थान में कृषि के समग्र विकास के लिए राज्य सरकार को शुभकामनाएं देते हुए केंद्रीय मंत्री ने किसान क्रेडिट कार्ड की स्थिति पर विशेष ध्यान देने को कहा। इसका उद्देश्य किसानों को खेती के लिए समय पर और आसानी से ऋण उपलब्ध कराना है।

चौहान ने कहा कि केंद्र सरकार प्रधानमंत्री मोदी के नेतृत्व और मार्गदर्शन में राज्यों के साथ मिलकर किसानों के हित में काम कर रही है। उन्होंने कहा कि इन वित्तीय स्वीकृतियों से कृषि योजनाओं के क्रियान्वयन में तेजी आएगी और किसानों तक योजनाओं का लाभ अधिक प्रभावी ढंग से पहुंच सकेगा।

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हिन्दुस्थान समाचार / विजयालक्ष्मी

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