प्रमुख खबर
ताजा खबर
Latest Headlines

नमो भारत के तीन साल पूरे, अब तक 4.5 करोड़ से अधिक यात्राएं

अलेजांद्रो डेविडोविच फोकिना ने जीता शंघाई मास्टर्स का खिताब

बांग्लादेश महिला टी20 टीम की नई कप्तान बनीं नाहिदा अख्तर, शोभना मोस्तारी उपकप्तान

अंतरराष्ट्रीय क्रिकेट में 16 हजार रन बनाने वाले पांचवें पाकिस्तानी खिलाड़ी बने बाबर आजम

एशियाई पैरा खेलों का भव्य आगाज, ‘इमेजिन वन हार्ट’ की थीम ने दिया एकजुटता का संदेश

(अपडेट) बीड हादसे में पांच लोगों की मौत के बाद ग्रामीणों ने किया चक्का जाम

सलीम खान और सलमा की शादी से खुश नहीं थे सलमान के नाना

सीआईएसएफ के प्रशासनिक एवं परिचालन ढांचे में बदलाव, 1 नवंबर होगा प्रभावी

सिमडेगा के रामरेखा धाम को श्रीराम-गमन मार्ग से जोड़ने की हो पहल : आलोक कुमार

बाबा रामदेव ने हेमंत सोरेन को बताया ‘लेजेंडरी मुख्यमंत्री’

विशेष
JUN. 24, 2025

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी : राष्ट्रीय एकता-अखंडता के पर्याय

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।

480 Days 21 Hr ago
देश
स्तंभ
आर्थिक
वीडियो