प्रमुख खबर
ताजा खबर
Latest Headlines

रियल मैड्रिड ने 19 वर्षीय मिडफील्डर सर्जियो मार्टिनेज के साथ किया करार

एशियाई खेल: भवानी देवी की अगुआई में भारत की 20 सदस्यीय तलवारबाजी टीम घोषित

पश्चिम एशिया की आग में झुलसा भारतीय शेयर बाजार, निवेशकों को लगी 3.79 लाख करोड़ रूपये की चपत

जीडीपी आंकड़ों पर प्रधानमंत्री बोले- निराशावादी गलत साबित हुए और भारत एक बार फिर फला-फूला

कर्मचारियों को लेकर दमनकारी रवैया अपना रही भगवंत मान की सरकारः भाजपा

अंडर-23 विश्व कुश्ती चैंपियनशिप : दिल्ली ट्रायल के बाद भारतीय महिला टीम का चयन, हरियाणा का दबदबा

छत्तीसगढ़ के झीरम घाटी नरसंहार का फैसला टला, अब पांच सितंबर को आएगा निर्णय

भारत-रूस तकनीकी साझेदारी को बराबरी की भागीदारी में बदलना होगा : देबजीत चक्रवर्ती

25 साल की सेवा-सुशासन यात्रा को विकसित भारत के संकल्प से जोड़कर आगे बढ़ें : शिवप्रकाश

दिल्ली ड्राफ्ट मतदाता सूची में कम हुए 47. 7 लाख मतदाता

विशेष
JUN. 24, 2025

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी : राष्ट्रीय एकता-अखंडता के पर्याय

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।

432 Days 21 Hr ago
देश
स्तंभ
आर्थिक
वीडियो