प्रमुख खबर
ताजा खबर
Latest Headlines

अयाेध्या : घर बैठे भी देख सकते हैं प्रभु श्रीराम का सूर्यतिलक, पहुंच चुका है अनुबंधित संस्थाओं का वैज्ञानिक दल

अबू धाबी में हादसे में भारतीय नागरिक की मौत, दूतावास ने जताया शोक

मप्र के छिंदवाड़ा में पिकअप और बस के बीच जोरदार भिड़ंत, 10 लोगों की मौत और 30 से ज्यादा घायल

ब्रिटेन में 16 साल से कम उम्र के बच्चों के सोशल मीडिया उपयोग पर फिर उठी रोक की मांग

भारत ने पाकिस्तान को 3-0 से हराया, सैफ अंडर 20 चैंपियनशिप के सेमीफाइनल में बनाई जगह

नेपाल की अंतरिम प्रधानमंत्री सुशीला कार्की का विदाई संदेश

ट्रम्प का बदला रुख, बोले- जंग में कमजोर, बातचीत में मजबूत है ईरान

'शीश महल’ की ‘शाही’ दुनिया सामने आने पर दिल्ली की मुख्यमंत्री ने केजरीवाल को घेरा

भारतीय विचारधारा निरंतर ज्ञान प्रवाह, मातृभाषा में शिक्षा आवश्यक : धर्मेंद्र प्रधान

संस्कृति से परंपरा का सतत प्रवाह बना रहता है: रामबहादुर राय

विशेष
होम JUN. 24, 2025

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी : राष्ट्रीय एकता-अखंडता के पर्याय

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।

275 Days 3 Hr ago
देश
विचार
स्तंभ
आर्थिक
वीडियो