प्रमुख खबर
ताजा खबर
Latest Headlines

झारखंड में 22 प्रतियोगी परीक्षाएं रद्द, छह स्थगित,23 परीक्षाओं की सीआईडी जांच

जापानी तकनीक का लाभ छोटे किसानों तक पहुंचाएं, कृषि लागत घटाकर उत्पादकता बढ़ाएं : शिवराज सिंह चौहान

पीपलकोटी सुरंग हादसे में मृतकों की संख्या बढ़कर 11, घायल रोहित ने एम्स ऋषिकेश में दम तोड़ा

भावनगर में जहरीली शराब से 3 की मौत, 17 अस्पताल में भर्ती

पाक नागरिक से जुड़े आईएसआई नेटवर्क का तीसरा स्थानीय सहयोगी गिरफ्तार, बंगाल एसटीएफ की कार्रवाई

सोने की कीमत में मामूली तेजी, चांदी के भाव में बदलाव नहीं

शुरुआती कारोबार में शेयर बाजार पर दबाव, लाल निशान में सेंसेक्स और निफ्टी

नेपाल : संवैधानिक पीठ के विरोध में चीफ जस्टिस को पत्र, बार एसोशिएशन ने दी बेंच बहिष्कार की चेतावनी

ग्लोबल मार्केट से कमजोरी के संकेत, एशिया में बिकवाली का दबाव

कैलाश मानसरोवर यात्रा: नौवां जत्था आज भारत पहुंचेगा, 10 वां 23 अगस्त को

विशेष
JUN. 24, 2025

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी : राष्ट्रीय एकता-अखंडता के पर्याय

डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।

420 Days 16 Hr ago
देश
स्तंभ
आर्थिक
वीडियो