तमिलनाडु में अगले साल शुरू में ही विधानसभा चुनाव है। डीएमके और मुख्यमंत्री स्टालिन सत्ता विरोधी लहर से जूझ रहे हैं। वे पुराने हिंदी विरोध को उभार कर अपनी जीत सुनिश्चित कर लेना चाहते हैं। इसलिए त्रि-भाषा पर स्टालिन राजनीति कर रहे हैं। त्रि-भाषा का विरोध उनका तमिल प्रेम नहीं, बल्कि राजनीतिक हथकंडा है, क्योंकि त्रि-भाषा में हिंदी को कहीं अनिवार्य नहीं किया गया है।
प्रथम विश्व युद्ध की अमर गाथा‘मेरी मृत्यु पर शोक मत करो, क्योंकि मैं हथियार लेकर, योद्धा के कपड़े पहन कर मरूंगा। यह सबसे सुखद मृत्यु है, जो कोई भी मर सकता है। मुझे बहुत खेद है कि मैं अपने परिवार के प्रति अपने दायित्वों का निर्वहन नहीं कर पाया, क्योंक
पंचायती राज की धुरी ग्राम सभा है। ग्राम सभा का नाम लेते ही ग्राम स्वराज्य का सपना एक बड़े प्रश्न के रूप में हर नागरिक के मन में उभरता है। वही प्रश्न उत्तर चाहता है कि पंचायतों को अधिकार संपन्न बनने में कितना समय लगेगा!
भ्रष्टाचार को राजनीतिक मुद्दा बनाकर अरविंद केजरीवाल सत्ता हासिल करने में सफल हुए। लेकिन अरविंद केजरीवाल ने जिस दिल्ली मॉडल का बढ़-चढ़कर प्रचार किया और जिस स्वराज्य का सपना दिल्ली वालों को दिखाया, पिछले दस सालों में उसकी कलई खुल गई। दिल्ली के जनादेश ने भ्रष्टाचार की तिकड़ी (अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया और सत्येन्द्र जैन) को अपनी सजा दे दी है।
रामलीला मैदान में अन्ना आंदोलन चल रहा था। अनशन कर रहे अन्ना हजारे के बगल में बैठकर अरविंद केजरीवाल वहां उपस्थित लोगों को संबोधित कर रहे थे। अपने संबोधन में उन्होंने कहा, ‘इस कुर्सी के अंदर कुछ समस्या है। जो इस पर बैठता है, वह गड़बड़ हो जाता है। हम लोगों के मन में बड़ा सवाल है कि आंदोलन से जब विकल्प निकलेगा और वे लोग जब कुर्सी पर जाकर बैठेंगे तो कहीं वही लोग भ्रष्ट न हो जाएं। इस बात को लेकर मन में भारी चिंता है।
डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी के लिए राष्ट्र सर्वोपरि था। इसलिए उन्होंने सत्ता का त्याग करके देश की एकता और अखंडता के लिए अपना सर्वस्व न्योछावर कर दिया। वह ‘एक देश में दो विधान, दो प्रधान और दो निशान’ के विरुद्ध थे। डॉक्टर मुखर्जी ने स्वतंत्र भारत का पहला राष्ट्रवादी आंदोलन खड़ा किया था। भारत के पुनर्निर्माण के उद्देश्य से डॉक्टर मुखर्जी ने जनसंघ की स्थापना की थी। आज यदि लोग जम्मू-कश्मीर में बिना परमिट के जा सकते हैं और पश्चिम बंगाल भारत का अभिन्न अंग है, तो इसके पीछे डॉक्टर श्यामा प्रसाद मुखर्जी का बलिदान है।
ब्रिटिश हुकूमत को वीर सावरकर के खिलाफ कार्रवाई करने के लिए एक मौके की तलाश थी। उसकी यह हसरत कर्जन विली की हत्या ने पूरी कर दी। विली को गोली मारी थी मदन लाल ढींगरा ने, लेकिन आरोप सावरकर के माथे मढ़ दिया गया। पेश है, एक रिपोर्ट...सौरव रायकहानी शुरू होत
गर्मियों में जहां घर से बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है वहीं सड़क पर खुले आसमान के नीचे तपती दुपहरी में यातायात संचालन करना वाकई एक बेहद कठिन काम है। हालांकि अब इसे आसान बनाने की सराहनीय पहल हुई है।
शोणितपुर (असम), 22 मार्च (हि.स.)। असम के ढेकियाजुली क्षेत्र में रविवार रात एक भीषण सड़क हादसे में आठ लोगों की मौके पर ही मौत हो गई। यह हादसा एक एम्बुलेंस और ट्रक के बीच आमने-सामने की टक्कर के कारण हुआ। प्राप्त जानकारी के अनुसार, एम्बुलेंस में सवार
उज्जैन, 22 मार्च (हि.स.)। मध्य प्रदेश के उज्जैन में होने वाले सिंहस्थ 2028 (महाकुंभ) से पहले अखाड़ा परिषद के अध्यक्ष पद को लेकर विवाद सामने आया है। इस पद पर दो दावे किए जा रहे हैं। 13 अखाड़े दो गुट में बंटे नजर आ रहे हैं। एक धड़ा निरंजनी अखाड़े के
नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स.)। प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में केंद्रीय मंत्रिमंडल की सुरक्षा संबंधी समिति (सीसीएस) की बैठक में पश्चिम एशिया में जारी संघर्ष की स्थिति और उसके प्रभावों की विस्तृत समीक्षा की गई। बैठक में देश में आवश्यक वस्त
—22 मार्च का दिन भारतीय राजनीति के इतिहास में खास दिन,भाजपा काशी क्षेत्र ने प्रधानमंत्री मोदी को दी बधाई वाराणसी, 22 मार्च (हि.स.)। आजाद भारत के राजनीति में रविवार 22 मार्च का दिन खास बनने के साथ इतिहास में भी दर्ज हो गया है। प्रधानमंत्री नरेंद्र
नागपुर, 22 मार्च (हि.स.)। महाराष्ट्र के वरिष्ठ नेता और पूर्व सांसद दत्ता मेघे का रविवार को हृदय गति रुकने से निधन हो गया। वह 89 वर्ष के थे। उनके बेटे और विधायक समीर मेघे ने उनके निधन की पुष्टि की। दत्ता मेघे का राजनीतिक करियर कई दशकों तक फैला रहा।
नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स.)। प्रधानमंत्री के प्रधान सचिव डॉ. पीके मिश्रा ने विश्व जल दिवस के अवसर पर रविवार को कहा कि सार्थक प्रगति के लिए मजबूत प्रशासन, बेहतर संस्थागत क्षमता और निरंतर सार्वजनिक निवेश का तालमेल अनिवार्य है। डॉ मिश्रा ने यह बात आज
जॉर्ज सोरोस तो मोहरे हैं!दार्शनिक कार्ल पॉपर ने कहा है कि जिस समाज को आप मानते हैं, वह आपका है। बाकी का समाज, जो आपके अनुसार नहीं है, वह आपका विरोधी है। चाहे वह किसी देश में रहे। ;डीप स्टेट का दर्शन कहीं न कहीं इसी थ्योरी पर टिका हुआ है। डीप
तृणमूल कांग्रेस सांसद महुआ मोइत्रा को आखिरकार लोकसभा से निष्कासित कर दिया गया। संसदीय कार्य मंत्री प्रह्लाद जोशी ने मोइत्रा के निष्कासन का प्रस्ताव पेश किया, जिसे सदन ने मंजूरी दे दी।
प्रधानमंत्री ने मध्य प्रदेश में जिस अंदाज में समान नागरिक संहिता को लेकर विपक्ष को घेरा, उससे साफ है कि केंद्र सरकार समान नागरिक संहिता को लेकर गम्भीर है और नरेंद्र मोदी इसे लागू करने का अवसर हाथ से जाने नहीं देंगे।
बिहार की राजधानी पटना में विरोधी पार्टियों की बैठक को महत्वहीन कह कर खारिज नहीं किया जा सकता है। उपस्थित 15 दलों की 11 राज्यों में सरकारें हैं। सभी राज्यों की 4123 विधानसभा सीटों में इनके पास 1717 यानी 42 प्रतिशत सीटें हैं। लोकसभा चुनाव में इन दलों के 142 सांसद निर्वाचित हुए थे। जो कुल सदस्यों का करीब 26 प्रतिशत है। राज्यसभा में इनकी संख्या 94 है जो कुल सांसदों का 38 प्रतिशत है। पिछले लोकसभा चुनाव में इन 15 पार्टियों को कुल 22 करोड़ 30 लाख वोट मिले थे। वैसे भी ऐसी बैठक, जिसमें 5 राज्यों के मुख्यमंत्री हों, भ
जिनेवा, 22 मार्च (हि.स.)। अमेरिका-इजराइल द्वारा ईरान पर किए हमले से पश्चिम एशिया में संकट की स्थिति बनी हुई है। इस बीच ईरान के परमाणु ठिकानों पर हो रहे हमलों को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) ने गंभीर चिंता जताई है। संगठन ने चेतावनी दी है
राष्ट्रीय नाट्य विद्यालय द्वारा स्थापित ‘भारंगम’ के 25 वर्ष पूरे हो रहे हैं। इस अवसर पर दिल्ली समेत तेरह शहरों के साथ ही काठमांडू और कोलंबो में 28 जनवरी से 16 फरवरी तक विभिन्न नाटकों का मंचन किया गया, जिनमें देश के अतिरिक्त विदेशी कलाकारों ने भी बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। एनएसडी के निदेशक चित्तरंजन त्रिपाठी से राकेश कुमार ने लंबी बातचीत की। प्रस्तुत हैं, प्रमुख अंश...
भोजपुरी के सुप्रसिद्ध साहित्यकार मनोज भावुक की बहुप्रतीक्षित शोध पुस्तक ' भोजपुरी सिनेमा के संसार' प्रकाशित हो गई है। भोजपुरी सिनेमा के इतिहास पर भोजपुरी भाषा में लिखी गई यह पहली किताब है। इस पुस्तक का प्रकाशन मैथिली-भोजपुरी अकादमी, दिल्ली ने किया है।
‘कौतुक ऐप’ के लेखक वरिष्ठ साहित्यकार सूर्यनाथ सिंह द्वारा लिखित-अनुदित कई ग्रन्थ प्रकाशित हो चुके हैं। पत्रकारिता में लगभग तीन दशकों का अनुभव रखने वाले सूर्यनाथ सिंह संप्रति बाल साहित्य के चर्चित एवं प्रशंसित लेखक के रूप में प्रतिष्ठित हैं। लेखक सूर्यनाथ आलोच्य उपन्यास ‘कौतुक ऐप’ द्वारा आधुनिक तकनीक का आभासी संसार रचते हैं। वे मानव जीवन में नवीन एवं अधिक उन्नत तकनीकी के प्रवेश का संदेश देते हैं और भविष्य के वैज्ञानिक उपलब्धियों की आकांक्षा पैदा करते हैं।
नेटफ्लिक्स पर रिलीज फिल्म ‘भक्षक’ समाप्त होती मानव संवेदना और समाज के एक गंभीर मुद्दे पर है। यह बिहार के मुजफ्फरपुर के एक बालिका गृह में हो रहे यौन शोषण एवं अत्याचार को दिखाती है।
-खान मंत्रालय राष्ट्रीय डीएमएफ शिखर सम्मेलन 2026 का करेगा आयोजन नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स)। भारत सरकार का खान मंत्रालय 23-24 मार्च को नई दिल्ली के स्कोप कन्वेंशन सेंटर में राष्ट्रीय जिला खनिज निधि (डीएमएफ) शिखर सम्मेलन 2026 का आयोजन करेगा। खान म
नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स)। पश्चिम एशिया संकट के बीच केंद्र सरकार ने शहरों में गैस वितरण को सुव्यवस्थित करने और आपूर्ति दबाव को कम करने के लिए कदम तेज कर दिए हैं। इसका उद्देश्य एलपीजी पर उपभोक्ताओं की निर्भरता को कम करना है, ताकि आधिकारिक सूत्रों न
नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स)। सार्वजनिक क्षेत्र के भारतीय औद्योगिक विकास (आईडीबीआई) बैंक में हिस्सेदारी बढ़ाने के लिए बिक्री पेशकश (ओएफएस) के माध्यम से शेयर बेचने पर केंद्र सरकार विचार कर सकती है। आधिकारिक सूत्रों ने रविवार को बताया कि यह कदम उस को
नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स.)। पश्चिम एशिया में जारी तनाव के कारण विदेशी पोर्टफोलियो निवेशक (एफपीआई) लगातार बिकवाल (सेलर) की भूमिका में बने हुए हैं। मार्च में अभी तक विदेशी निवेशक बिकवाली कर भारतीय शेयर बाजार से 88,180 करोड़ रुपये यानी लगभग 9.60 अरब
-एचडीएफसी बैंक को सबसे ज्यादा नुकसान नई दिल्ली, 22 मार्च (हि.स.)। घरेलू शेयर बाजार में पिछले कारोबारी सप्ताह के दौरान हुई खरीद-बिक्री के कारण देश की टॉप 10 मोस्ट वैल्यूड कंपनियों में शामिल पांच कंपनियों के मार्केट कैप में गिरावट आ गई, जबकि पांच कं